
नई दिल्ली, 14 अक्टूबर (प्रेस ब्यूरो)। कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) ने बुधवार को बताया कि इस साल नवरात्रि से लेकर दीपावली तक देश के विभिन्न बाजारों में कुल मिलाकर 7 लाख करोड़ रुपये से अधिक का त्योहारी कारोबार होने की संभावना है। यह आंकड़ा पिछले वर्ष के रिकॉर्ड कारोबार के मुकाबले लगभग समान स्तर पर रहने का संकेत देता है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि उपभोक्ता खर्च में इस अवधि में स्थिर या बढ़ती प्रवृत्ति बनी हुई है।
कैट के प्रवक्ता ने कहा कि इस अनुमान में छोटे‑मोटे खुदरा विक्रेताओं, बड़े सुपरमार्केट श्रृंखलाओं, इलेक्ट्रॉनिक्स तथा वस्त्र बाजार, साथ ही ई‑कॉमर्स प्लेटफ़ॉर्मों की बिक्री को शामिल किया गया है। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि पिछले वर्ष के त्योहारी सीजन में कुल मिलाकर लगभग 6.8 लाख करोड़ रुपये का रिकॉर्ड स्थापित हुआ था, और इस साल के आंकड़े इसे थोड़ा पार कर सकते हैं।
उल्लेखनीय है कि मौसमी खरीदारी की बढ़ोतरी न केवल उपभोक्ता वस्तुओं में बल्कि गृह सजावट, उपहार, मिठाई और धार्मिक सामानों में भी दिखाई दे रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस वृद्धि का कारण उपभोक्ताओं की बढ़ती क्रय शक्ति, ऑनलाइन शॉपिंग में सहजता और विशेष ऑफ़र तथा छूट की प्रचुरता है।
कैट ने यह भी रेखांकित किया कि छोटे व्यापारियों के लिए यह अवधि आय का मुख्य स्रोत है, और उन्होंने सरकार व संबंधित निकायों से इस अवधि में बाजार सुरक्षा, आपूर्ति श्रृंखला की सुगमता और उपभोक्ता अधिकारों की रक्षा हेतु आवश्यक कदम उठाने की अपील की। इस प्रकार, पिछले वर्ष के रिकॉर्ड कारोबार को मात देने की संभावना के साथ, इस साल के त्योहारी कारोबार को भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए एक महत्वपूर्ण संकेतक माना जा रहा है।
