
बलरामपुर, 14 अक्टूबर (प्रेस ब्यूरो)। बलरामपुर जिले ने फसल रिकॉर्ड को सटीक और त्रुटिरहित बनाने के उद्देश्य से गिरदावरी तथा ई‑गिरदावरी के अंतर्गत दर्ज सभी खसरों का भौतिक सत्यापन करने का निर्देश जारी किया है। आज बुधवार को जिला प्रशासन ने यह आदेश सार्वजनिक किया, जिसमें बताया गया कि यह कार्य जिला, अनुभाग और तहसील स्तर पर एक समन्वित प्रयास के रूप में अंजाम दिया जाएगा।
आदेश के अनुसार, कुल मिलाकर 99 अधिकारी इस प्रक्रिया में शामिल होंगे और वे विभिन्न तहसीलों में जाकर प्रत्येक खसरे की जमीनी स्थिति, फसल की वास्तविक उपज, बीज के प्रयोग तथा अन्य संबंधित दस्तावेजों की जाँच करेंगे। अधिकारियों को विशेष रूप से यह निर्देश दिया गया है कि वे सभी डेटा को डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म पर अपडेट करें, जिससे ई‑गिरदावरी प्रणाली में दर्ज जानकारी के साथ पूर्ण सामंजस्य स्थापित हो सके।
प्रशासन ने यह भी बताया कि भौतिक सत्यापन के दौरान यदि किसी खसरे में विसंगति या त्रुटि पाई जाती है, तो उसे तुरंत सुधारने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी और संबंधित किसानों को उचित मार्गदर्शन प्रदान किया जाएगा। इस पहल का मुख्य उद्देश्य कृषि क्षेत्र में पारदर्शिता बढ़ाना, किसानों को सटीक लाभांश दिलाना और भविष्य में डेटा‑आधारित नीति निर्माण को सुदृढ़ बनाना है।
जिला अधिकारी ने कहा, “हम इस सत्यापन को समय पर और बिना किसी देरी के पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध हैं, ताकि फसल रिकॉर्ड में पूर्ण भरोसा स्थापित किया जा सके और किसानों को उनके वास्तविक उत्पादन के अनुसार लाभ मिल सके।” सभी स्तरों पर सहयोगी प्रयासों से यह कार्य सफलतापूर्वक संपन्न होने की उम्मीद की जा रही है।
