
नई दिल्ली, 12 अक्टूबर (प्रेस ब्यूरो)। आज एक साल पहले शुरू किए गए दो महत्वाकांक्षी कृषि योजनाएँ — पल्स मिशन और प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना (पीएमडीडीकेवाई) — ने देश की कृषि परिदृश्य को गहराई से बदल दिया है। इस अवधि में दलहन का उत्पादन ऐतिहासिक स्तर पर पहुँच गया, जिससे भारत ने विश्व स्तर पर दलहन उत्पादन रिकॉर्ड स्थापित किया। सरकार की सक्रिय पहल के तहत, पिछले वर्ष के मुकाबले 100 जिलों में फसलों की पैदावार, खेती की तकनीक और किसानों की आय में उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
इन दो योजनाओं ने न केवल उत्पादन बढ़ाया, बल्कि किसानों को उन्नत बीज, सटीक जल प्रबंधन और प्री-और पोस्ट-हार्वेस्ट सपोर्ट प्रदान कर किसान कल्याण को भी नई दिशा दी है। कृषि विज्ञान केंद्रों और स्थानीय एग्री-इन्फॉर्मेशन सिस्टम के माध्यम से किसानों को समय पर जानकारी मिल रही है, जिससे फसल के जोखिम कम हुए हैं।
सरकार ने बताया कि आगामी महीनों में पल्स मिशन के तहत नई वैरायटीज और सस्टेनेबल खेती के मॉडल को और विस्तार दिया जाएगा, जबकि पीएमडीडीकेवाई के तहत फसल बीमा, सब्सिडी और बाजार पहुंच को सुदृढ़ करने के उपाय लागू किए जाएंगे। यह संपूर्ण रणनीति भारत को खाद्य सुरक्षा की ओर अग्रसर करती हुई दिखती है, जहाँ दलहन जैसे आवश्यक प्रोटीन स्रोतों की उपलब्धता सुनिश्चित हो रही है।
