
नई दिल्ली, 03 फरवरी (प्रेस ब्यूरो)। लोकसभा में मंगलवार को विपक्षी दलों के हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही दो बार स्थगित करनी पड़ी।
एक बार के स्थगन के बाद 12 बजे सदन के समवेत होने पर पीठासीन अधिकारी कृष्ण प्रसाद तेन्नेटी ने घोषणा की कि अध्यक्ष को कई मुद्दों पर स्थगन प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, लेकिन उन्होंने किसी भी प्रस्ताव को अनुमति नहीं दी। इसके बाद उन्होंने आवश्यक दस्तावेज सदन के पटल पर रखवाना शुरू किया। इस बीच, विपक्षी सदस्यों के हाथों में तख्तियां दिखने पर उन्होंने आपत्ति जताई, कहा कि राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव के बाद उन्हें अपने मुद्दे पर चर्चा का मौका मिलेगा। लेकिन हंगामा जारी रहा, जहां विपक्षी सदस्य भारत-अमेरिका व्यापार समझौते का मुद्दा उठाते हुए नारेबाजी कर रहे थे।
संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजीजू ने कार्यमंत्रणा समिति की सिफारिशें सदन के पटल पर रखीं, जिसे सदन ने ध्वनिमत से स्वीकृत किया। इसके बाद पीठासीन अधिकारी ने विपक्षी सदस्यों से अपने स्थान पर बैठने और तख्ती हटाने की अपील की, लेकिन वे नहीं मानें। इस पर श्री तेन्नटी ने सदन की कार्यवाही दो बजे तक स्थगित करने की घोषणा कर दी।
इससे पहले पूर्वाह्न 11 बजे दिन की कार्यवाही शुरू होते ही अध्यक्ष ओम बिरला ने आसन संभालते ही कांग्रेस एवं अन्य विपक्षी दलों के सदस्यों के हंगामे की सूचना दी। अध्यक्ष ने सदन में नंदूरबार लोकसभा सीट से सदस्य रहे स्वरूप सिंह हिरियानाइक के निधन की सूचना दी और बाद में दिवंगत आत्मा की शांति के लिए दो मिनट मौन रखा। इसके बाद प्रश्नकाल शुरू करने की घोषणा की गई, लेकिन विपक्षी सदस्यों ने फिर से नारेबाजी शुरू कर दी।
गृहराज्य मंत्री नित्यानंद राय ने इस हंगामे के बीच प्रश्नों का उत्तर देना शुरू किया, लेकिन जब हंगामा जारी रहा, तो अध्यक्ष ने सदस्यों से अपने स्थान पर जाने एवं प्रश्नकाल को चलने देने की अपील की। उन्होंने कहा कि प्रश्नकाल में नारेबाजी का कोई औचित्य नहीं है, क्योंकि इस दौरान सांसद प्रश्न उठाते हैं और सरकार की जवाबदेही तय होती है। सदन में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव और बजट पर चर्चा होने वाली है, जिसमें सभी सदस्यों को अपनी बात रखने का पर्याप्त अवसर मिलेगा।
लेकिन विपक्षी सदस्यों पर इसका कोई असर नहीं पड़ा, जिससे सदन की कार्यवाही फिर 12 बजे तक स्थगित करनी पड़ी।
यह संसद का बजट सत्र 28 जनवरी को राष्ट्रपति के अभिभाषण से शुरू हुआ था। इसके अगले दिन वित्त मंत्री ने आर्थिक सर्वे पेश किया और 1 फरवरी को आम बजट प्रस्तुत किया गया। आज सत्र का पांचवां दिन है।
आज की कार्यवाही में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा होनी है, जिसके लिए लोकसभा में 18 घंटे और राज्यसभा में 16 घंटे का समय तय किया गया है।
