मानसून की चुनौती: आखिर स्मार्ट शहर भी क्यों हो रहे हैं बेबस?
- योगेश कुमार गोयल
मानसून ने इस वर्ष अपने आगमन के साथ ही देश के बड़े हिस्से में राहत से अधिक आफत का संदेश दिया है। जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ से लेकर महाराष्ट्र, गुजरात, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, ओडिशा और मध्य प्रदेश तक प्रकृति का रौद्र रूप साफ दिखाई दे रहा है। भारी बारिश, भूस्खलन, बादल फटने और बाढ़ जैसी घटनाओं ने यह स्पष्ट कर दिया है कि हमारा बुनियादी ढांचा और प्रशासनिक तैयारी अभी भी इस प्राकृतिक चुनौती का सामना करने में सक्षम नहीं है।
जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले में लगातार मूसलाधार बारिश के चलते भूस्खलन की घटनाएं सामने आई हैं, जिससे राष्ट्रीय राजमार्ग-244 कई स्थानों पर क्षतिग्रस्त हो गया है। ऐसी घटनाएं न केवल आवागमन को बाधित करती हैं बल्कि यह भी दिखाती हैं कि पहाड़ी क्षेत्रों में सड़कों के निर्माण और रखरखाव में वैज्ञानिक दृष्टिकोण का अभाव है। महाराष्ट्र के पुणे जिले मे...









