
रायपुर, 01 फरवरी (प्रेस ब्यूरो)। छत्तीसगढ़ में महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए शुरू की गई महतारी वंदन योजना ने अब तक दो वर्ष पूरे कर लिए हैं। यह योजना केवल हर महीने मिलने वाली राशि तक सीमित नहीं है, बल्कि आज यह आत्मसम्मान, विश्वास और आत्मनिर्भरता का आधार बन चुकी है। योजना की शुरुआत 10 मार्च 2024 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा पहली किस्त जारी करने के साथ हुई थी।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार ने इसे आम महिलाओं तक प्रभावी ढंग से पहुँचाने के लिए इसे पूरी पारदर्शिता और संवेदनशीलता के साथ लागू किया। 30 जनवरीनारायणपुर जिले से इस योजना की 24वीं किस्त जारी की गई, जिसमें 68 लाख 47 हजार 355 महिलाओं के बैंक खातों में 641 करोड़ रुपये से अधिक की राशि डीबीटी के माध्यम से ट्रांसफर की गई।
अब तक इस योजना के तहत कुल 15 हजार 595 करोड़ रुपये से अधिक की राशि महिलाओं के खातों में पहुँच चुकी है, जो इस बात का प्रमाण है कि यह योजना महिलाओं की आर्थिक सुरक्षा से सीधे जुड़ी हुई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह योजना माताओं और बहनों को आत्मनिर्भर बनाने की मजबूत नींव है। नियमित आर्थिक मदद से महिलाओं का आत्मविश्वास बढ़ा है और वे परिवार और समाज के निर्णयों में सक्रियता से हिस्सा ले रही हैं। डीबीटी प्रणाली के चलते दूर-दराज और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में भी लाभ बिना रुकावट पहुँच रहा है।

महतारी वंदन योजना के अंतर्गत पात्र महिलाओं को हर महीने 1,000 रुपये सीधे बैंक खाते में मिलते हैं। इस लगातार सहायता ने महिलाओं की दैनिक ज़िंदगी में बड़ा बदलाव लाया है। घर के खर्चे उठाना अब आसान हो गया है, जबकि बचत की आदत भी विकसित हुई है। कई महिलाएं इस राशि से छोटे-छोटे व्यवसाय शुरू कर रही हैं, जैसे कि आर्टिफिशियल ज्वेलरी, पापड़ और अन्य खाद्य सामग्रियों का निर्माण, या श्रृंगार की दुकानें चलाना।
यह योजना मजदूरों, छोटे किसानों और सीमित आय वाले परिवारों के लिए भी सुरक्षा कवच साबित हो रही है। अब बच्चों की पढ़ाई, इलाज और आकस्मिक खर्चों की चिंता पहले जैसी नहीं रही है। कई महिलाएं अब भविष्य के लिए बचत और योजनाएं बनाने लगी हैं। राज्य सरकार के प्रयासों का असर यह है कि सुकमा, बीजापुर, कांकेर, दंतेवाड़ा और नारायणपुर जैसे नक्सल प्रभावित जिलों में भी यह योजना संतोषजनक तरीके से लागू हो रही है।
नियद नेल्ला नार योजना के माध्यम से अब तक 7,763 नई महिलाओं को लाभान्वित किया गया है। महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रेरणा और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में यह योजना छत्तीसगढ़ को महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में एक नई पहचान दिला रही है। यह योजना महिलाओं के जीवन में सम्मान और आत्मविश्वास लेकर आई है, जिससे उनकी सामाजिक और पारिवारिक भागीदारी में वृद्धि हुई है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि योजना का लाभ हर पात्र महिला तक समय पर और पारदर्शी तरीके से पहुँचे।
