मक्का रक्षा समझौता और भारतीय उपमहाद्वीप का बदलता भू-राजनीतिक चक्रव्यूह
डॉ. मयंक चतुर्वेदी
मक्का में सऊदी अरब, पाकिस्तान और तुर्किये के बीच सात अगस्त 2026 को हुआ ‘मक्का संयुक्त रक्षा समझौता’ भारतीय उपमहाद्वीप में ऐसे समय में सामने आया है जब मध्य-पूर्व में जारी संघर्षों ने पारंपरिक सुरक्षा समीकरणों को हिला दिया है। समझौते के तहत तीनों देशों ने सामूहिक प्रतिरोध को मजबूत करने और किसी एक सदस्य पर सशस्त्र हमले को तीनों पर हमला मानने की प्रतिबद्धता जताई है।
भारत के लिए इस घटनाक्रम की गंभीरता तब और बढ़ जाती है, जब इसी समझौते के प्रति बांग्लादेश ने भी सकारात्मक रुख के संकेत दिए हैं। बांग्लादेश के विदेश मामलों के सलाहकार हुमायूं कबीर ने कहा है कि ढाका सऊदी अरब, पाकिस्तान और तुर्किये से जुड़े आर्थिक या रक्षा ढांचे में शामिल होने की संभावना के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण रखता है। ऐसे में मक्का समझौते को इस्लामिक मजहबी करण के उम्मा के तहत एकजुटता के चश्मे से भी देखा ...









