Friday, August 21खबर जो असर करे |
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Day: August 21, 2026

चीनी के भाव ₹69 पर पहुंचे… मोदी सरकार के इस उपाय से कम हो सकती है कीमत

चीनी के भाव ₹69 पर पहुंचे… मोदी सरकार के इस उपाय से कम हो सकती है कीमत

आर्थिक, राष्ट्रीय
नई दिल्ली। चीनी के भाव (Sugar Price Hike) सातवें आसमान पर चढ़ते ही चले जा रहे हैं। वह भी तब जब मोदी सरकार (Modi Government) दाम को काबू में करने के लिए ताबड़तोड़ एक्शन ले रही है। गुरुवार को सरकार ने जहां, 10 लाख टन कच्ची चीनी के आयात (1 Million tonnes Raw Sugar Import) की मंजूरी दी वहीं, मिलों के लिए भी सख्त निर्देश दिए। इसके बावजूद 20 अगस्त को ही चीनी के थोक भाव में 525 रुपये तक की उछाल दर्ज की गई। वहीं रिटेल प्राइस भी 69 रुपये किलो तक पहुंच गई। ब्रांडेड पैकेट बंद चीनी की कीमतें 80 रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंच गई हैं। उम्मीद है मोदी सरकार के उपायों का असर बहुत जल्द दिखेगा और आने वाले दिनों में चीनी के दाम गिरेंगे। Chinimandi पर दिए गए 20 अगस्त 2026 के थोक भाव के आंकड़ों के मुताबिक प्रमुख मंडियों में चीनी की कीमतों में एक दिन में करीब 400 से 525 रुपये प्रति क्विंटल तक का उछाल आया ह...
यमन और सोमालिया के तटों से समुद्री लुटेरों ने 22 भारतीयों वाले 2 जहाजों को किया हाइजैक

यमन और सोमालिया के तटों से समुद्री लुटेरों ने 22 भारतीयों वाले 2 जहाजों को किया हाइजैक

अंतरराष्ट्रीय, राष्ट्रीय
सना। यमन और सोमालिया (Yemen and Somalia) के तट के पास अलग-अलग घटनाओं में 22 भारतीय नागरिकों (Indian citizens) को लेकर जा रहे दो कॉमर्शियल जहाजों (Two Commercial Ships) को समुद्री लुटेरों (Pirates) ने हाइजैक (Hijack) कर लिया। अधिकारियों के मुताबिक, इन घटनाओं ने हॉर्न ऑफ अफ्रीका के आसपास के समुद्री इलाकों में एक बार फिर समुद्री डकैती के खतरे को उजागर किया है। यमन के पास 16 भारतीयों वाला टैंकर हाइजैकपहली घटना में इरिट्रिया के झंडे वाला ऑयल प्रोडक्ट्स टैंकर M.T. Sibu 1 समुद्री लुटेरों के कब्जे में चला गया। जहाज पर कुल 20 क्रू सदस्य सवार थे, जिनमें 16 भारतीय नागरिक थे। इसे यमन के तट से करीब 30 नॉटिकल मील दूर अदन की खाड़ी में छह हथियारबंद समुद्री लुटेरों ने हाइजैक किया। समुद्री प्रशासन निदेशालय की तैयार रिपोर्ट के मुताबिक, जहाज के सभी 20 क्रू सदस्यों के सुरक्षित होने की सूचना है। हालांकि, ...
भारत विकास की राह पर तेजी से अग्रसर…. 2021 के बाद से GDP ग्रोथ रेट में चीन को छोड़ा पीछे

भारत विकास की राह पर तेजी से अग्रसर…. 2021 के बाद से GDP ग्रोथ रेट में चीन को छोड़ा पीछे

आर्थिक, राष्ट्रीय
नई दिल्ली। दुनिया के दो सबसे ज्यादा आबादी वाले देश, भारत (India) और चीन (China), कभी एशियाई सदी (Asian Century) के दो इंजन माने जाते थे. उन्होंने अपनी आर्थिक यात्रा का आधुनिक दौर लगभग एक जैसी आय के स्तर से शुरू किया था, लेकिन जल्द ही उनके रास्ते अलग-अलग हो गए. भारत की आर्थिक वृद्धि दर (India Economic Growth rate) इस समय चीन से तेज नजर आ रही है. वित्त वर्ष 2025-26 में भारत की GDP विकास दर का अनुमान 7.7% लगाया गया था, जबकि चीन के लिए यह लगभग 5% था. हालांकि, यह अंतर सिर्फ एक साल का नहीं है. 2015 के बाद से दोनों देशों की ग्रोथ रफ्तार में लगातार बदलाव देखने को मिला है और 2021 से भारत सालाना आर्थिक वृद्धि के मामले में चीन से आगे रहा है। 1980 में चीन की GDP ग्रोथ करीब 7.9% थी, जबकि भारत 6.7% की दर से बढ़ रहा था. इसके बाद 1980, 1990 और 2000 के दशकों में चीन ने भारत से काफी तेज आर्थिक विस्तार कि...
इस साल रक्षाबंधन पर होगी विशेष खगोलीय घटना….. भद्रा का साया नहीं… राहुकाल डालेगा खलल!

इस साल रक्षाबंधन पर होगी विशेष खगोलीय घटना….. भद्रा का साया नहीं… राहुकाल डालेगा खलल!

राष्ट्रीय
नई दिल्ली। सनातन धर्म (Sanatan Dharma) में भाई-बहन के पवित्र प्रेम (Sacred Love Siblings) और अटूट स्नेह का प्रतीक रक्षाबंधन (Raksha Bandhan 2026) का त्योहार हर साल श्रावण (सावन) मास की पूर्णिमा तिथि को बेहद हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है. पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन बहनें अपने भाइयों की लंबी उम्र, अच्छी सेहत और सुख-समृद्धि की कामना करते हुए उनकी कलाई पर रक्षा सूत्र (राखी) बांधती हैं, और भाई अपनी बहनों की आजीवन रक्षा करने का वचन देते हैं। वर्ष 2026 में रक्षाबंधन पर एक विशेष खगोलीय घटना भी घटित हो रही है, जिससे इस पर्व का महत्व और बढ़ जाता है। रक्षाबंधन 2026 तिथि और चंद्र ग्रहण का प्रभावद्रिक पंचांग के अनुसार, इस साल रक्षाबंधन 28 अगस्त 2026, शुक्रवार को मनाया जाएगा. रक्षाबंधन के दिन ही साल का दूसरा और अंतिम चंद्र ग्रहण भी लग रहा है। क्या ग्रहण का प्रभाव पड़ेगा?ज्योतिषाचार्यों ...
MP: बालाघाट के बैगा अंचल में मलेरिया और मीजल्स की वजह से हुई 19 बच्चों की मौत….

MP: बालाघाट के बैगा अंचल में मलेरिया और मीजल्स की वजह से हुई 19 बच्चों की मौत….

मध्य प्रदेश, राज्य, राष्ट्रीय
भोपाल। मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के बालाघाट (Balaghat) के बैगा अंचल में 19 बच्चों की मौत ने पूरे सिस्टम को सवालों के घेरे में ला दिया है. शुरुआत में इन बच्चों की मौत के पीछे कुपोषण (Malnutrition) को वजह माना गया था, लेकिन ICMR और दूसरे प्रमुख स्वास्थ्य संस्थानों की जांच रिपोर्ट में मौतों की मुख्य वजह मलेरिया और मीजल्स (Malaria and Measles) यानी खसरा संक्रमण (Measles infection) सामने आया है. जांच में खसरा और मलेरिया संक्रमण को बच्चों की मौत की प्रमुख वजह बताया गया है. लेकिन इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद मामला खत्म नहीं हुआ है. इसके बजाय बच्चों की सुरक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था से जुड़ा एक और बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। जिन बच्चों में खसरे का संक्रमण मिला, वे सभी नियमित टीकाकरण से छूटे हुए थे. यानी संक्रमण से बचाव के लिए जरूरी टीकाकरण इन बच्चों तक नहीं पहुंच पाया था. बालाघाट में हुई 19 ब...