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आर्थिक

भारत समेत रूस से तेल खरीदने वाले 5 देशों पर 100% टैरिफ….! US सांसदों ने पेश किया नया प्रतिबंध बिल

भारत समेत रूस से तेल खरीदने वाले 5 देशों पर 100% टैरिफ….! US सांसदों ने पेश किया नया प्रतिबंध बिल

अंतरराष्ट्रीय, आर्थिक
नई दिल्ली। अमेरिका (America) के सांसदों के द्विलीय समूह ने एक नया प्रतिबंध बिल पेश किया है। इस बिल में रूस (Russia) से कच्चा तेल खरीदने (Buying Crude Oil) के लिए भारत पर प्रतिबंध लगाने की मांग की गई है। इस बिल में 5 प्रमुख देशों- भारत, चीन, स्लोवाकिया, हंगरी और अजरबैजान के निर्यात पर 100% तक का टैरिफ लगाने का प्रस्ताव रखा गया है। इसका मुख्य मकसद रूस की ऊर्जा से होने वाली कमाई पर लगाम लगाना और यूक्रेन युद्ध को खत्म करने का दबाव बनाना है। क्या हैं इस नए बिल की मुख्य बातेंयह बिल अप्रैल 2025 में सीनेट में लाए गए 'सेंक्शनिंग रशिया एक्ट' का एक नरम वर्जन है। पुराने बिल में 500% तक टैरिफ लगाने का प्रस्ताव था, जिस पर सहमति नहीं बन पाई थी। नए बिल में इस अधिकतम टैरिफ की सीमा को घटाकर 100% तक सीमित किया गया है। नए बिल के तहत खास तौर पर चीन, भारत, स्लोवाकिया, हंगरी और अजरबैजान को टारगेट किया गया ...
IDBI Bank को 53,000 करोड़ में खरीदेगी कनाडा के उद्योगपति प्रेम वत्स की कंपनी

IDBI Bank को 53,000 करोड़ में खरीदेगी कनाडा के उद्योगपति प्रेम वत्स की कंपनी

आर्थिक, राष्ट्रीय
नई दिल्ली। आईडीबीआई बैंक (IDBI Bank) को बेचने की सरकार की वर्षों पुरानी जद्दोजहद अपने मुकाम पर पहुंचती दिख रही है। वित्त मंत्रालय (Ministry of Finance) में मंगलवार को हुई उच्च स्तरीय बैठकों के बाद सरकार और कनाडा के उद्योगपति प्रेम वत्स (Canadian Industrialist Prem Watsa) की कंपनी फेयरफैक्स होल्डिंग्स (Fairfax Holdings) के बीच इस बहुप्रतीक्षित सौदे पर सहमति बन गई है। इसके तहत, कंपनी 53,000 करोड़ रुपये में बैंक में बहुलांश हिस्सा खरीदेगी। यह सौदा न सिर्फ विनिवेश के मोर्चे पर सरकार की मदद करेगा, बल्कि भारतीय बैंकिंग के इतिहास में एक नया अध्याय भी लिखेगा। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Finance Minister Nirmala Sitharaman) की अगुवाई वाले मंत्रियों के अधिकार प्राप्त समूह को इस संशोधित बोली से अवगत करा दिया गया है। जल्द ही इस संबंध में औपचारिक अधिसूचना और अभिरुचि पत्र जारी किया जाएगा, जिसके बाद...
PAK की अर्थव्यवस्था पर बड़ा संकट .. बलूचिस्तान ने किया आजादी का ऐलान, संसाधनों की आपूर्ति भी रोकी

PAK की अर्थव्यवस्था पर बड़ा संकट .. बलूचिस्तान ने किया आजादी का ऐलान, संसाधनों की आपूर्ति भी रोकी

अंतरराष्ट्रीय, आर्थिक
इस्लामाबाद। बलूचिस्तान (Balochistan) की प्राकृतिक गैस, कोयला, खनिज और रेयर अर्थ पर निर्भर पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था (Pakistan Economy) इस वक्त अस्तित्व के संकट से जूझ रही है। जिस इलाके को पाकिस्तान लंबे समय से अपना आर्थिक इंजन मानता रहा, उसी बलूचिस्तान ने अब न सिर्फ आजादी का ऐलान (Declaration of Independence) कर दिया है, बल्कि अपनी संसाधनों की आपूर्ति भी पूरी तरह रोक दी है। दरअसल, बलूचिस्तान प्रांत में मंगलवार को स्वतंत्रता की घोषणा के साथ ही पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था की लाइफलाइन कट गई है। क्षेत्र में लगे पूर्ण शटडाउन और ट्रांसपोर्ट ब्लॉकेड ने पंजाब की औद्योगिक इकाइयों को घुटनों पर ला दिया है। अगर यही हालात रहे तो संभव है कि पाकिस्तान कटोरा लेकर घूमने के लायक भी नहीं बचेगा। पंजाब के प्रमुख बिजनेस लीडर्स ने चेतावनी दी है कि अगर यह संकट लंबा खिंचा तो इसका असर किसी सक्रिय युद्ध से भी कहीं ...
केन्द्र सरकार ने पेट्रोल के निर्यात पर विन्डफॉल टैक्स घटाया…. डीजल और ATF पर बढ़ाया

केन्द्र सरकार ने पेट्रोल के निर्यात पर विन्डफॉल टैक्स घटाया…. डीजल और ATF पर बढ़ाया

आर्थिक, राष्ट्रीय
नई दिल्ली। मोदी सरकार (Modi Government) ने बुधवार को डीजल (Diesel) और विमान में इस्तेमाल होने वाले ईंधन (Aviation fuel) ATF के निर्यात पर लगने वाले विन्डफॉल टैक्स (Windfall tax) को बढ़ा दिया है, जबकि पेट्रोल के निर्यात पर यह टैक्स घटा दिया। यह फैसला 16 जुलाई यानी आज से लागू हो गया है। यह हर 15 दिन पर होने वाली समीक्षा का हिस्सा है। वित्त मंत्रालय की अधिसूचना के अनुसार, पेट्रोल पर विन्डफॉल टैक्स घटाकर 2.5 रुपये प्रति लीटर कर दिया गया है। यह पहले 4 रुपये था। वहीं, डीजल पर यह शुल्क 8.5 रुपये से बढ़ाकर 15.5 रुपये प्रति लीटर कर दिया गया है। जबकि, विन्डफॉल टैक्स एटीएफ पर 7.5 रुपये से बढ़ाकर 14.5 रुपये प्रति लीटर कर दिया गया है। बता दें इससे आम जनता पर कोई असर नहीं पड़ेगा। क्यों किया टैक्स में बदलावयह टैक्स में बदलाव ऐसे समय आया है, जब वैश्विक तेल बाजार काफी अस्थिर है। बुधवार को ब्रेंट क्रू...
भारत समेत रूसी तेल खरीद वाले पांच देशों पर 100% टैरिफ…., US में कड़े प्रतिबंध वाला विधेयक पेश

भारत समेत रूसी तेल खरीद वाले पांच देशों पर 100% टैरिफ…., US में कड़े प्रतिबंध वाला विधेयक पेश

अंतरराष्ट्रीय, आर्थिक, राष्ट्रीय
वॉशिंगटन। अमेरिका (America) के दोनों प्रमुख दलों के सीनेटरों (Senators) ने रूस पर व्यापक प्रतिबंध लगाने वाला बहुप्रतीक्षित विधेयक (Bill) पेश किया है। इसमें भारत समेत पांच देशों का नाम शामिल है, जिन पर रूस से तेल की खरीद जारी रखने पर शुल्क लगाया जा सकता है। कुछ सांसद इस प्रस्ताव को "लिंडसे ग्राहम रूस अकाउंटेबिलिटी बिल" (Lindsey Graham Russia Accountability Bill) कह रहे हैं। इसे मंगलवार को कैपिटल हिल में डेमोक्रेटिक सीनेटर रिचर्ड ब्लूमेंथल और जीन शाहीन के साथ रिपब्लिकन सीनेटर रोजर विकर, केटी ब्रिट और दोनों दलों के एक दर्जन से अधिक सांसदों ने पेश किया। यह विधेयक सीनेटर लिंडसे ग्राहम के निधन के तुरंत बाद पेश किया गया है। ग्राहम ने करीब दो वर्षों तक इस विधेयक पर काम किया था और उनके सहयोगियों ने उन्हें इसका प्रमुख सूत्रधार बताया। इस विधेयक में ग्राहम ने रूसी तेल खरीद करने वाले देशों पर 500 फी...
अब तक सिर्फ 1.97 करोड़ ITR दाखिल, डेडलाइन बढ़ने की उम्मीद नहीं… कहीं भारी न पड़ जाए 31 जुलाई का इंतजार!

अब तक सिर्फ 1.97 करोड़ ITR दाखिल, डेडलाइन बढ़ने की उम्मीद नहीं… कहीं भारी न पड़ जाए 31 जुलाई का इंतजार!

आर्थिक, राष्ट्रीय
नई दिल्ली। अगर आपने अभी तक अपना इनकम टैक्स रिटर्न (Income Tax Return- ITR) दाखिल नहीं किया है और सोच रहे हैं कि पिछले साल की तरह इस बार भी सरकार अंतिम तारीख बढ़ा देगी, तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। वित्त वर्ष 2025-26 (आकलन वर्ष 2026-27) के लिए 31 जुलाई ITR फाइल करने की आखिरी तारीख है। हालांकि, अब तक केवल करीब 1.97 करोड़ ITR ही दाखिल हुए हैं, जबकि पिछले दो वर्षों में कुल 7 करोड़ से ज्यादा रिटर्न फाइल हुए थे। धीमी रफ्तार को देखकर कई लोग डेडलाइन (Deadline) बढ़ने की उम्मीद लगा रहे हैं, लेकिन टैक्स एक्सपर्ट का कहना है कि इस बार ऐसा होने की संभावना बेहद कम है। पिछले साल सरकार ने ITR फाइल करने की अंतिम तारीख इसलिए बढ़ाई थी, क्योंकि आयकर विभाग ने ITR फॉर्म और ऑनलाइन फाइलिंग यूटिलिटी जारी करने में देरी की थी। इसके कारण करदाताओं के पास रिटर्न दाखिल करने के लिए पर्याप्त समय नहीं बचा था। लेकिन,...
टाटा कैपिटल की गोल्ड लोन बिजनेस में धमाकेदार एंट्री…. ₹318 करोड़ की डील की तैयारी!

टाटा कैपिटल की गोल्ड लोन बिजनेस में धमाकेदार एंट्री…. ₹318 करोड़ की डील की तैयारी!

आर्थिक, राष्ट्रीय
नई दिल्ली। देश की दिग्गज गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी (NBFC) टाटा कैपिटल (Tata Capital) ने तेजी से बढ़ते गोल्ड लोन बिजनेस (Gold Loan Business) में धमाकेदार एंट्री कर ली है। कंपनी ने केरल की गोल्ड लोन कंपनी योगलोन्स (Yogakshemam Loans) में 88.6% हिस्सेदारी खरीदने का फैसला किया है। इस डील की कुल कीमत 318 करोड़ रुपये तक हो सकती है। इसके साथ ही टाटा कैपिटल (Tata Capital) ने कंपनी के विस्तार के लिए करीब 93 करोड़ रुपये का नया निवेश भी करने का फैसला किया है। इस अधिग्रहण के बाद योगलोन्स, टाटा कैपिटल की सहायक (Subsidiary) कंपनी बन जाएगी। यह डील ऐसे समय में हुआ है, जब भारत में गोल्ड लोन की मांग लगातार बढ़ रही है। बढ़ती महंगाई, आसान लोन प्रक्रिया और सोने की ऊंची कीमतों के कारण लोग तेजी से गोल्ड लोन का विकल्प अपना रहे हैं। ऐसे में टाटा कैपिटल (Tata Capital) का यह कदम उसके रिटेल लोन कारोबार को नई दिशा ...
Survey: एथेनॉल मिक्स E 20 पेट्रोल से सहज नहीं लोग…. NDA के 53% वोटर्स भी हिचक रहे

Survey: एथेनॉल मिक्स E 20 पेट्रोल से सहज नहीं लोग…. NDA के 53% वोटर्स भी हिचक रहे

आर्थिक, राष्ट्रीय
नई दिल्ली। केंद्र सरकार (Central Government) देशभर में 20 प्रतिशत एथेनॉल मिक्स E20 पेट्रोल (E20 Ethanol-Blended Petrol) को बढ़ावा दे रही है. सरकार का कहना है कि इससे कच्चे तेल के आयात पर निर्भरता घटेगी, प्रदूषण कम होगा और गन्ना किसानों को फायदा मिलेगा. हालांकि, C-Voter के हालिया सर्वे से सामने आया है कि बड़ी संख्या में लोग अभी भी E20 पेट्रोल को लेकर सहज नहीं हैं. सर्वे के मुताबिक, आधे से अधिक लोग न केवल E20 पेट्रोल का इस्तेमाल नहीं करना चाहते, बल्कि उन्हें यह भी डर है कि इससे उनकी गाड़ी की माइलेज कम हो सकती है और इंजन को नुकसान पहुंच सकता है। NDA समर्थकों में भी E20 को लेकर हिचकसर्वे में सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि सत्ता पर काबिज NDA के समर्थकों में भी E20 पेट्रोल को लेकर उत्साह नहीं दिखा. सर्वे के अनुसार, 52.5 प्रतिशत NDA समर्थकों ने कहा कि वे अपनी गाड़ियों में E20 पेट्रोल का इस्ते...
US-ईरान तनाव से फिर उछले कच्चे तेल के दाम, क्या 120 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच सकती हैं कीमतें?

US-ईरान तनाव से फिर उछले कच्चे तेल के दाम, क्या 120 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच सकती हैं कीमतें?

अंतरराष्ट्रीय, आर्थिक
नई दिल्ली। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य तनाव ने एक बार फिर वैश्विक ऊर्जा बाजार की चिंता बढ़ा दी है। पश्चिम एशिया में हालात बिगड़ने के बीच अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल दर्ज किया गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि तनाव लंबा खिंचता है और होर्मुज जलडमरूमध्य में तेल आपूर्ति प्रभावित होती है, तो वैश्विक बाजार में कीमतों पर और दबाव बढ़ सकता है। कच्चे तेल में तेज उछाल बाजार में कारोबारी गतिविधियों के दौरान ब्रेंट क्रूड की कीमत में 5 प्रतिशत से अधिक की तेजी दर्ज की गई, जबकि WTI क्रूड और मर्बन क्रूड भी मजबूत बढ़त के साथ कारोबार करते दिखे। निवेशकों की चिंता का मुख्य कारण पश्चिम एशिया में बढ़ता भू-राजनीतिक जोखिम और तेल आपूर्ति को लेकर अनिश्चितता है। विश्लेषकों का कहना है कि किसी भी बड़े सैन्य टकराव का सीधा असर ऊर्जा बाजार पर पड़ता है, क्योंकि इस क्षेत्र से...
देश में हेल्थ रिसर्च पर बड़े निवेश की तैयारी… गंभीर बीमारियों पर फोकस, 6 गुना बढ़ेगा खर्च

देश में हेल्थ रिसर्च पर बड़े निवेश की तैयारी… गंभीर बीमारियों पर फोकस, 6 गुना बढ़ेगा खर्च

आर्थिक, राष्ट्रीय
नई दिल्ली। कैंसर, टीबी, मधुमेह, दिल की बीमारियों और मानसिक स्वास्थ्य जैसी गंभीर चुनौतियों से निपटने के लिए केंद्र सरकार (Central government) स्वास्थ्य अनुसंधान (Health Research) पर बड़ा निवेश करने की तैयारी कर रही है। राष्ट्रीय स्वास्थ्य अनुसंधान नीति-2026 (National Health Research Policy-2026) (ड्राफ्ट) में 2047 तक स्वास्थ्य अनुसंधान पर खर्च को मौजूदा स्तर से करीब 6.25 गुना बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है। अभी देश स्वास्थ्य अनुसंधान पर सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का 0.024 फीसदी खर्च करता है, जिसे 2037 तक बढ़ाकर 0.072 फीसदी और 2047 तक 0.15 फीसदी करने की योजना है। नई नीति में सरकार ने कहा है कि अब सिर्फ शोध पत्र प्रकाशित करना उद्देश्य नहीं, बल्कि ऐसी रिसर्च को बढ़ावा देना है, जिससे नई दवाएं, वैक्सीन, जांच तकनीक और इलाज आम लोगों तक तेजी से पहुंच सके। ड्राफ्ट नीति के अनुसार, आने वाले कुछ वर्षों ...