
सुकमा, 05 नवंबर (प्रेस ब्यूरो)।
जिला मुख्यालय में पहले चक्रवात अर्नब और अब मुरासु के प्रभाव से जिले का मौसम पूरी तरह बदल गया है। बीती रात तेज बारिश के बाद, बुधवार सुबह से ही रिमझिम बारिश की लहरें चल रही हैं। आसमान पर घने बादल परे हुए हैं और लगातार बूँदें धरती पर गिरती जा रही हैं, जिससे जनजीवन पर गहरा असर पड़ रहा है। दीपावली की रौनक भी इस बारिश के कारण फीकी पड़ गई है।
सबसे बढ़ती चिंता किसानों की है, क्योंकि खेतों में धान की फसल पककर तैयार है और कटाई का समय नजदीक है। लगातार बारिश से धान की फसल पर असर पड़ने का डर बढ़ रहा है। अगर बूँदें इसी तरह बरसती रही तो धान की गुणवत्ता और उत्पादन दोनों पर विपरीत प्रभाव पड़ सकता है। इसके अलावा कटाई के काम में भी कठिनाइयाँ पैदा हो सकती हैं, क्योंकि फसल को समय पर कटाई नहीं कर पाने से उसे जंग या फफूंदी लगने का जोखिम बढ़ जाता है।
दूसरी ओर दीपावली की तैयारी भी प्रभावित हुई है। जिला मुख्यालय के बाज़ार में दुकानदारों ने सजावट और त्योहार से जुड़ी सामग्री का प्रबंध किया है। दुकानों को रौशन करने के बाद भी लगातार बारिश के कारण खरीदारी की रफ्तार धीमी पड़ गई है। बुधवार सुबह से हो रही रिमझिम बारिश के चलते बाजार में ग्राहकों की आवाजाही में स्पष्ट कमी दिखाई दे रही है।
इस तरह की स्थिति में किसानों और सामान्य जनता दोनों ही चिंतित हैं। अधिकारियों से यह उम्मीद है कि मौसम में जल्द सुधार हो और किसानों को समय पर सहायता मिल सके, ताकि धान की फसल सुरक्षित रहे और त्योहार की खुशियों को फिर से रोशन किया जा सके।
