
नई दिल्ली, 04 नवंबर (प्रेस ब्यूरो)। विली वॉल्श ने मंगलवार को कहा कि डिसंबर 2027 के अंत तक एयरलाइन के बेड़े में कुल 14 ए321 एक्सएलआर विमान जुड़ेंगे। उन्होंने बताया कि कंपनी अंतरराष्ट्रीय संचालन का विस्तार करने के लिए इन लंबी रेंज वाले नैरो‑बॉडी जेट्स का उपयोग करेगी। वर्तमान में इंडिगो के पास चार ऐसे विमान हैं और इस साल के अंत तक एक और जोड़ने की योजना है।
यह जानकारी राष्ट्रीय राजधानी में आयोजित एविएशन इंडिया एंड साउथ एशिया 2026 सम्मेलन में प्रस्तुत की गई। सम्मेलन में विली वॉल्श ने कहा कि एयरलाइन का मुख्य फोकस शॉर्ट‑हॉल (छोटी दूरी) की उड़ानों पर बना रहेगा और इसकी लागत संरचना अत्यंत किफायती है। उन्होंने यह भी बताया कि कंपनी ने लीज़ पर ली गई वाइड‑बॉडी बोइंग 787 का परिचालन बंद कर दिया है और 2028 की दूसरी तिमाही से A350‑900 मिलने की उम्मीद है।
CEO ने यह स्पष्ट किया कि A350‑900 के परिचालन शुरू होने से पहले कई तैयारियों की आवश्यकता होगी और यह सुनिश्चित करना होगा कि नई विस्तृत जेट्स के उत्साह में कंपनी का ध्यान शॉर्ट‑हॉल संचालन से हट न जाए। उन्होंने कहा, “हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि A350 के शामिल होने के उत्साह में हम अपना ध्यान न भटकाएं। हमें छोटी दूरी की नैरो‑बॉडी उड़ानों पर भी अपना ध्यान बनाए रखना होगा, जो कि अभी बहुत ही किफायती तरीके से चल रही हैं।”
विमानन उद्योग के प्रतिनिधियों के साथ सहयोग की बात करते हुए विली वॉल्श ने हवाई अड्डों को निवेश पर अधिक ध्यान देने की सलाह दी और उच्च शुल्क व करों की आलोचना की। अंत में उन्होंने कहा कि इंडिगो का लक्ष्य 2030 तक बेड़े को 600 विमानों तक बढ़ाने का है, जबकि वर्तमान में बेड़े में 440 से अधिक विमान हैं।
