
बाराबंकी, 28 अक्टूबर (प्रेस ब्यूरो)। उत्तर प्रदेश के जनपद बाराबंकी में देवा मेला एवं प्रदर्शनी-2026 के अंतर्गत बुधवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से विधिक जागरूकता एवं साक्षरता शिविर का शुभारंभ किया गया। शाम सात बजे आयोजित कार्यक्रम में जनपद न्यायाधीश प्रतिमा श्रीवास्तव ने शिविर का उद्घाटन किया। इस अवसर पर न्यायिक व प्रशासनिक अधिकारी तथा अधिवक्ताओं ने आमजन को उनके कानूनी अधिकारों और निःशुल्क विधिक सहायता के प्रति जागरूक करने की पहल की।
28 अक्टूबर से 5 नवंबर तक चलने वाले इस शिविर का प्रमुख उद्देश्य लोगों को उनके विधिक अधिकारों एवं कर्तव्यों की विस्तृत जानकारी देना और जरूरतमंदों को निःशुल्क कानूनी सहायता उपलब्ध कराने वाली योजनाओं से परिचित कराना है। शिविर में उपस्थित लोग सरल भाषा में कानूनी प्रावधानों की जानकारी प्राप्त करेंगे तथा अपनी समस्याओं के समाधान हेतु उचित मार्गदर्शन भी मिलेगा। विभिन्न विधिक विषयों से संबंधित पुस्तकों और उपयोगी कानूनी साहित्य के स्टॉल लगाए गए हैं, जिससे आगंतुक अपने अधिकारों, कानूनी प्रावधानों तथा विधिक सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया के बारे में जागरूक हो सकेंगे।
शिविर की अवधि में प्रतिदिन पैनल अधिवक्ताओं, डिफेंस काउंसिल और पराविधिक स्वयंसेवकों (पीएलवी) की ड्यूटी लगाई गई है। ये प्रतिनिधि निःशुल्क विधिक सहायता की पात्रता, उपलब्ध सेवाओं और कानूनी समस्याओं के समाधान संबंधी जानकारी प्रदान करेंगे।
कार्यक्रम में अपर जनपद न्यायाधीश एवं राष्ट्रीय लोक अदालत के नोडल अधिकारी श्रीकृष्ण चंद्र सिंह, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट शांभवी यादव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव उज्ज्वल उपाध्याय, उपजिलाधिकारी सुनीता, तथा जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष एवं महामंत्री सहित अन्य न्यायिक एवं प्रशासनिक अधिकारी और अधिवक्ता मौजूद रहे। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने जनता से अपील की है कि वे देवा मेले में आयोजित इस शिविर में भाग लेकर कानूनी जानकारी प्राप्त करें और पात्रता के अनुसार निःशुल्क विधिक सहायता का लाभ उठाएँ।
