
नई दिल्ली, 04 नवंबर (प्रेस ब्यूरो)। भारतीय नौसेना ने सोमालिया के उत्तर‑पूर्वी तट के पास 48 घंटे से अधिक समय तक चलने वाले ऑपरेशन में कमांडो कार्रवाई कर, सशस्त्र समुद्री लुटेरों के कब्जे में रहे मछली पकड़ने वाले जहाज अजिनी को मुक्त किया। इस दौरान जहाज़ पर सवार 20 सदस्यों को बिना किसी हानि के सुरक्षित निकाल लिया गया और ऑपरेशन के दौरान कोई नुकसान नहीं हुआ।
पिछले महीने की शुरुआत में एक समूह समुद्री लुटेरों ने अजिनी को अपहरण कर लिया था, जिससे यह आशंका बनी कि इसे क्षेत्र में मर्चेंट शिपिंग पर आगे के हमलों के लिए ‘मदर शिप’ के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है। इस सूचना को प्राप्त होते ही भारतीय नौसेना ने एक युद्धपोत को तुरंत कार्यवाही के लिए रवाना किया और साथ ही एक समुद्री निगरानी विमान को भी तैनात किया।
नौसेना के कैप्टन विवेक मधवाल ने बताया कि निरंतर निगरानी और आपसी तालमेल से जहाज़ का पता लगाया गया और उसकी गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी गई। जहाज़ को भागने से रोकने और उसकी गतिविधियों को सीमित करने के लिए गैर‑घातक उपाय अपनाए गए। तत्पश्चात भारतीय वायु सेना के सी-17 विमान ने सटीक एयरड्रॉप के माध्यम से मरीन कमांडो उतारे, जिन्होंने सशस्त्र लुटेरों को निष्प्रभावी कर दिया।
ऑपरेशन के अंत में सभी 20 क्रू सदस्यों को सुरक्षित निकाल कर वापस लाया गया, जिसमें कोई हताहत या घायल नहीं हुआ। इस सफल अभियान ने भारतीय नौसेना की उच्च परिचालन तत्परता, विभिन्न सेनाओं के बीच समन्वय और जटिल समुद्री सुरक्षा अभियानों को सफलतापूर्वक निष्पादित करने की क्षमता को दर्शाया। यह भारत की हिंद महासागर में प्रथम प्रतिक्रियाकर्ता और भरोसेमंद सुरक्षा साझेदार बनने की प्रतिबद्धता को भी पुनः स्थापित करता है।
