
बस्तर जिले के लिए छत्तीसगढ़ शासन ने एक नई पहल की है, जिसमें आधुनिक मनोरंजन, व्यापार और उच्च स्तर की स्कूल शिक्षा का विस्तार करने का लक्ष्य रखा गया है। इस योजना के अंतर्गत 15 जिलों के भीतर 50 से अधिक विकासखंडों को लक्षित किया गया है, जहां वर्तमान में मल्टीप्लेक्स और निजी सीबीएसई स्कूल जैसी बुनियादी सुविधाओं की कमी है।
पहले चरण में सिनेमाघर और व्यवस्थित खुदरा बाजार से वंचित क्षेत्रों में मिनी मॉल के निर्माण को गति दी जा रही है। प्रत्येक मॉल में न्यूनतम 8,000 वर्ग फीट के उपयोग योग्य क्षेत्र में कम से कम 100 सीटों वाला मल्टीप्लेक्स, पाँच रिटेल दुकानें और व्यवस्थित फूड कोर्ट शामिल होना अनिवार्य है। भूमि की लागत को छोड़कर, इस परियोजना के लिए न्यूनतम 5 करोड़ रुपये का पूंजी निवेश तय किया गया है।
इसके अलावा, अधोसंरचना अनुदान के साथ-साथ औद्योगिक विकास नीति 2024-30 के तहत उपलब्ध सभी निवेश प्रोत्साहनों का लाभ उठाने पर जोर दिया गया है। ब्लॉक मुख्यालय से 10 किलोमीटर के दायरे में 20 से अधिक विकासखंडों में निजी सीबीएसई स्कूल स्थापित करने का निर्देश दिया गया है, जहाँ अब तक कोई निजी स्कूल नहीं चला है। इन स्कूलों में कक्षा 1 से 12वीं तक की शिक्षा, 500 विद्यार्थियों की क्षमता, छात्रावास, पुस्तकालय, स्मार्ट क्लासरूम, आधुनिक प्रयोगशालाएँ और खेल सुविधाएँ विकसित की जाएंगी।
राज्य सरकार ने निवेशकों को विशेष वित्तीय और प्रशासनिक रियायतें देने का वादा किया है: 100 प्रतिशत स्टाम्प शुल्क छूट, 100 प्रतिशत भूमि डायवर्सन शुल्क छूट, और भूमि पंजीकरण शुल्क की प्रतिपूर्ति।
इच्छुक विकासकर्ता एवं निवेशक विज्ञापन में जारी क्यूआर कोड को स्कैन करके परियोजना का विस्तृत विवरण देख सकते हैं। आवेदन के लिए पात्रता से जुड़े पूर्व-योग्यता दस्तावेज तथा अन्य आवश्यक दस्तावेज अपलोड करने होंगे, और पासवर्ड invest&support@cg.gov.in पर भेजना होगा।
