
सुकमा, 28 अक्टूबर (प्रेस ब्यूरो)। चक्रवाती तूूफान के संभावित असर को देखते हुए सुकमा जिला प्रशासन सतर्क स्थिति बना रखी हुई है। मंगलवार की देर शाम लगभग 8 बजे से जिला मुख्यालय समेत कई क्षेत्रों में बारिश शुरू हुई, जो रात भर चलती रही। बुधवार की सुबह भी आसमान में बादल छाए रहे, और मौसम विज्ञानी ने भारी बारिश और तेज़ हवा की चेतावनी जारी रखी है। इस खराब मौसम के खतरे को देखते हुए जिले के सभी सरकारी और अर्धसरकारी स्कूलों को छुट्टी घोषित कर दी गई है, जिससे विद्यार्थियों और शिक्षकों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
कलेक्टर अमित कुमार के नेतृत्व में प्रशासन परिस्थितियों पर निरंतर नजर रख रहा है। कच्चे मकानों में रहने वाले और अंदरूनी इलाकों के लोगों की सुरक्षा के लिए सरकारी भवनों में राहत शिविर स्थापित किये गए हैं। कन्या शाला परिसर के वार्ड‑12 के नए पारा सुंदर नगर के पास के लगभग 50 लोगों को इन शिविरों में ठहराया गया है। इन शिविरों में सीएमओ विनीत साव की देखरेख में आवश्यक सुविधाएँ उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिनमें पानी, साफ-सुथरी शौचालय सुविधा, गर्म खाद्य पदार्थ, और आवश्यक स्वच्छता सामग्री शामिल हैं।
पुलिस भी सतर्क है और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सहायता के लिए तैयार है। प्रशासन ने जनता से आग्रह किया है कि खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतें और अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें। विशेष रूप से कच्चे मकानों में रहने वाले परिवारों को सलाह दी गई है कि वे अपने घरों को मजबूत करें और यदि संभव हो तो सुरक्षित स्थान पर शरण लें।
इन सभी कदमों के बावजूद, प्रशासन ने कहा है कि यदि मौसम की स्थिति बिगड़ती है तो आगे के राहत कार्यवाही भी की जा सकती है। इसलिए सभी को सतर्क रहने और आधिकारिक सूचनाओं का पालन करने की अपील की गई है।
