
जगदलपुर, 05 नवंबर (प्रेस ब्यूरो)। बस्तर जिले में इस बार किसानों को समर्थन मूल्य पर धान बेचने की अवधि केवल 60 दिन तक सीमित कर दी गई है। सरकार ने धान खरीद के लिए पहले निर्धारित 15 दिन की कमी कर दी, जिससे अब 15 नवंबर से 15 जनवरी तक ही धान की खरीद होगी, जबकि पिछले वर्ष यह अवधि 15 नवंबर से 31 जनवरी तक चलती थी।
पंजीयन संबंधी प्रक्रिया में भी बदलाव किए गए हैं। इस वर्ष केवल नए किसानों को पंजीयन करना आवश्यक होगा, जबकि पहले से पंजीकृत किसानों को दोबारा पंजीयन की जरूरत नहीं पड़ेगी। उनका पिछले साल का डेटा अपडेट कर दिया जाएगा, जिससे पुराने किसानों को अतिरिक्त दस्तावेज़ी कार्य और समिति‑सम्पर्क से राहत मिलेगी।
जिला सहकारी केंद्रीय बैंक के विपणन अधिकारी संत कुमार कन्नौजिया ने बताया कि इस वर्ष धान खरीद 15 जनवरी तक तय है और आगे की संभावित विस्तार पर अभी कोई निर्णय नहीं लिया गया है। बैंक ने जिला के खरीद केंद्रों के प्रभारी अधिकारियों को तैयारियों का निर्देश भी दे दिया है।
पिछले साल धान बेचने के लिए पंजीयन कराने वाले किसानों की संख्या 50273 थी, जो इस वर्ष बढ़कर 50959 हो गई है। इस वृद्धि के साथ, नई पंजीयन प्रक्रिया केवल प्रथम बार धान बेचने वाले किसानों पर लागू होगी, जबकि पुराने पंजीकृत किसानों को अपना रिकॉर्ड अपडेट करने की आवश्यकता नहीं रहेगी। सभी संबंधित विभागों ने धान खरीद की तैयारियों को तेज कर दिया है, और किसान अब निर्धारित समय‑सीमा के भीतर अपना धान बेचने के लिए तैयार हैं।
