
धमतरी, 12 जनवरी (प्रेस ब्यूरो)। कृषि विभाग द्वारा संचालित आत्मा योजना के अंतर्गत धमतरी विकासखंड के डांगीमांचा एवं खिड़कीटोला गांव में किसानों ने अब तक की सबसे बड़ी पहल के तहत करीब 35 एकड़ में रागी (मिलेट) की खेती शुरू की है। गंगरेल बांध के उच्चहन क्षेत्र में, जो कि वनाच्छादित एवं आदिवासी बहुल क्षेत्र है, यहां 50 वर्षों के बाद रबी सीजन में संगठित रूप से खेती की शुरुआत की गई है।
कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने बताया कि इस क्षेत्र में लघु धान्य फसलों को बढ़ावा देना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। रागी की खेती की यह शुरुआत एक ऐतिहासिक कदम है। आत्मा योजना के तहत किसानों को आधुनिक कृषि तकनीक, बीज उत्पादन पद्धति और फसल प्रबंधन की जानकारी दी जा रही है, जिससे उनकी आय बढ़ाने और पोषण सुरक्षा सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है।
हाल ही में आयोजित मिलेट महोत्सव के उपरांत, 10 जनवरी को ग्राम स्तर पर कृषक पाठशाला का आयोजन किया गया, जिसमें 40 महिला और 32 पुरुष किसान शामिल हुए। कृषक पाठशाला में किसानों को रागी की उन्नत खेती, पोषक तत्व प्रबंधन, कीट नियंत्रण और उत्पादन लागत कम करने की विधियों के बारे में जानकारी दी गई। इस दौरान रागी के पोषण, स्वास्थ्य लाभ और बाजार संभावनाओं पर भी चर्चा हुई। किसानों को मिलेट आधारित खेती को बढ़ावा देने और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए शासन की योजनाओं का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया गया। किसान रागी की खेती के सफल प्रयोग को आगे बढ़ाने के लिए सहमत हुए हैं।
हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा
