टाटा संस में एन चंद्रशेखरन की दोबारा नियुक्ति पर विवाद… कानूनी खर्च का भुगतान नहीं करेगा ट्रस्ट
नई दिल्ली। टाटा एजुकेशन एंड डेवलपमेंट ट्रस्ट (टीईडीटी) (Tata Education and Development Trust - TEDT) के ट्रस्टी मेहली मिस्त्री (Mehli Mistry) ने साफ कर दिया है कि ट्रस्ट टाटा ट्रस्ट्स और टाटा संस के बोर्ड के बीच एन चंद्रशेखरन (N. Chandrasekaran) की दोबारा नियुक्ति को लेकर चल रहे विवाद से जुड़े किसी भी कानूनी खर्च का भुगतान नहीं करेगा। टीईडीटी के कोष का अनुमान करीब 5,000 करोड़ रुपये बताया गया है। मेहली ने टाटा ट्रस्ट्स के सीईओ सिद्धार्थ शर्मा को ईमेल भेजकर अपनी आपत्ति दर्ज कराई है। इसकी प्रति टाटा ट्रस्ट्स के चेयरमैन नोएल एन टाटा और टीईडीटी के दूसरे ट्रस्टी जेएन मिस्त्री को भी भेजी गई है।
मेहली ने कहा कि ट्रस्टी, टाटा संस और टाटा ट्रस्ट्स के बीच चल रहा मुकदमा पिछले 150 वर्षों में अभूतपूर्व है। उन्होंने विवाद में शामिल लोगों के अनुभव या रवैये पर टिप्पणी करने से इनकार करते हुए टीईडीटी के र...









