
जगदलपुर, 17 अक्टूबर (प्रेस ब्यूरो)। राजधानी रायपुर के शंकर नगर में स्थित सी.टी.ई. कॉलेज रायपुर में आज शनिवार को राज्यस्तरीय राष्ट्रीय विज्ञान संगोष्ठी का आयोजन हुआ। इस वर्ष की संगोष्ठी का शीर्षक था “भारतीय ऊर्जा परिदृश्य 2047: संभावनाएं एवं चुनौतियां”, जिसमें देश भर के चयनित छात्र‑छात्राएँ अपने‑अपने शोध एवं नवाचारी विचार प्रस्तुत करने के लिए एकत्रित हुए।
बस्तर संभाग से दो छात्रा‑छात्रों ने मंच पर अपनी प्रस्तुतियों से सभी को प्रभावित किया। कुमारी अंजली ध्रुव, जो श कन्या क्रमांक‑2, जगदलपुर से हैं, तथा लक्ष्य शर्मा, जो बस्तर हाई स्कूल, जगदलपुर का छात्र है, ने भारत को 2047 तक ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिए संभावित मार्गों पर प्रकाश डाला। दोनों ने सौर एवं पवन ऊर्जा जैसे नवीकरणीय स्रोतों की महत्ता, ऊर्जा संरक्षण के उपाय, पर्यावरणीय संतुलन को बनाए रखने की आवश्यकता और ऊर्जा भंडारण की मौजूदा चुनौतियों को विस्तृत रूप से विश्लेषित किया।
इन प्रस्तुतियों की तैयारी में जिला कलेक्टर आकाश छिकारा, जिला शिक्षा अधिकारी बलिराम बघेल, तथा नोडल अधिकारी बी.एस. रामकुमार के साथ जय नारायण पाणिग्रही और दीप्ति ठाकुर के मार्गदर्शन ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। साथ ही, मार्गदर्शक श्रीमती दीप्ति ठाकुर, मनीष कुमार अहीर और मुकेश कुमार अहीर ने छात्रों को वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित करने में सहयोग दिया।
समारोह में डॉ. अर्चना वर्मा (राज्य समन्वयक), प्राचार्य शेफाली मिश्रा (टी.ई. कॉलेज, रायपुर) तथा कई अन्य गणमान्यजनों ने उपस्थिति दर्ज की। निर्णायक मंडल में डॉ. नरेंद्र कुमार चक्रधारी (सहायक प्राध्यापक), डॉ. बी.आर. शर्मा (प्राध्यापक), डॉ. रवि शर्मा (सहायक प्राध्यापक) और श्रीमती मंजूषा तिवारी (व्याख्याता) शामिल रहे। कार्यक्रम के सुगम संचालन में बी.एड. एवं एम.एड. के छात्र‑छात्राओं ने सक्रिय योगदान दिया, जिससे यह राज्यस्तरीय संगोष्ठी सफलतापूर्वक संपन्न हुई।
