मनरेगा में 3.11 लाख रुपये की गड़बड़ी, ब्लॉक प्रोग्राम ऑफिसर को उच्च न्यायालय से राहत नहीं
रांची, 16 अक्टूबर (प्रेस ब्यूरो)। झारखंड उच्च न्यायालय ने मनरेगा योजना के तहत ट्यूबवेल निर्माण के लिये अनुमोदित 3,11,244 रुपये से अधिक की राशि के कथित गबन मामले में आरोपित तत्कालीन ब्लॉक प्रोग्राम ऑफिसर सुष्मिता प्रिया उर्फ सुष्मिता गुप्ता को राहत देने से इनकार कर दिया। अदालत ने निचली अदालत के उस आदेश को बरकरार रखा, जिसमें आरोपित की डिस्चार्ज याचिका खारिज कर दी गई थी। उच्च न्यायालय ने आपराधिक पुनरीक्षण याचिका खारिज करते हुए कहा कि रिकॉर्ड पर उपलब्ध सामग्री के आधार पर निचली अदालत के आदेश में हस्तक्षेप करने का कोई कारण नहीं है।
मामला मंडर थाना के केस संख्या 109/2018 से संबंधित है। अभियोजन के अनुसार, उप विकास आयुक्त कार्यालय के 3 जनवरी 2018 के पत्र के आलोक में की गई जांच में पाया गया कि जलेश्वर लोहरा के लिये ट्यूबवेल निर्माण के नाम पर 3,11,244 रुपये स्वीकृत किए गए थे। आरोप है कि बिना निर्ध...

