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Month: October 2025

होमगार्ड को माह में कम से कम 22 दिन की सेवा अनिवार्य रूप से करनी जरूरी

होमगार्ड को माह में कम से कम 22 दिन की सेवा अनिवार्य रूप से करनी जरूरी

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हाईकोर्ट ने होमगार्ड्स को लेकर जारी किए 14 अनिवार्य दिशा-निर्देश जोधपुर, 9 अक्टूबर । राजस्थान हाईकोर्ट ने होमगार्ड्स के लिए एक ऐतिहासिक फैसला सुनाया है, जिसे राज्य के सुरक्षा कर्मियों के हित में बड़ा कदम माना जा रहा है। जस्टिस फरजंद अली की एकल पीठ ने हरिशंकर आचार्य व अन्य बनाम सरकार व अन्य मामले में 14 सूत्रीय दिशा-निर्देश जारी किए हैं, जिनका पालन हर संबंधित अधिकारी और विभाग के लिए अनिवार्य होगा। हाईकोर्ट ने आदेश में कहा है कि हर होमगार्ड को माह में कम से कम 22 दिन की सेवा अनिवार्य रूप से करनी होगी। इससे यह सुनिश्चित होगा कि सभी होमगार्ड समय पर अपनी जिम्मेदारियों का पालन करें। साथ ही, होमगार्ड ड्यूटी मैनेजमेंट सिस्टम के माध्यम से तैनाती में पूरी पारदर्शिता बनाए रखने के निर्देश भी दिए गए हैं। कोर्ट ने साफ किया कि इससे होमगार्ड्स की ड्यूटी रिकॉर्डिंग और उनके कार्यों की निगरानी स्पष...
हाई कोर्ट ने बैलट पेपर से चुनाव कराने की मांग वाली याचिका खारिज करने के आदेश में संशोधन से किया इनकार

हाई कोर्ट ने बैलट पेपर से चुनाव कराने की मांग वाली याचिका खारिज करने के आदेश में संशोधन से किया इनकार

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नई दिल्ली, 09 अक्टूबर । दिल्ली उच्च न्यायालय ने चुनावों में ईवीएम के इस्तेमाल को चुनौती देने वाली याचिका खारिज करने के पहले के आदेश में कोई भी संशोधन करने से इनकार कर दिया। चीफ जस्टिस डीके उपाध्याय की अध्यक्षता वाली बेंच ने इसके पहले 24 सितंबर को याचिका खारिज कर दिया था। न्यायालय ने कहा कि इस मामले पर उच्चतम न्यायालय अपना अंतिम फैसला सुना चुका है। उच्चतम न्यायालय ऐसी याचिका खारिज कर चुका है और दिल्ली उच्च न्यायालय भी पहले इस याचिका को खारिज कर चुका है। याचिका उपेन्द्र नाथ दलाई ने दायर की थी। याचिका में चुनावों के दौरान ईवीएम के इस्तेमाल को चुनौती दी गई थी। याचिका में सभी चुनाव बैलट पेपर से कराने की मांग की गई थी। सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार की ओर से पेश एएसजी चेतन शर्मा ने कहा कि अभी बहुत ज्यादा दिन नहीं हुए हैं। उच्च न्यायालय ने ही याचिकाकर्ता को इस बात के लिए फटकार लगाई थी कि वो ...
सऊदी अरब 2026 फीफा विश्व कप क्वालीफिकेशन से एक कदम दूर, इंडोनेशिया पर दर्ज की रोमांचक जीत

सऊदी अरब 2026 फीफा विश्व कप क्वालीफिकेशन से एक कदम दूर, इंडोनेशिया पर दर्ज की रोमांचक जीत

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जेद्दाह, 09 अक्टूबर । सऊदी अरब ने बुधवार को इंडोनेशिया को 3-2 से हराकर 2026 फीफा विश्व कप के लिए क्वालीफिकेशन की दिशा में एक बड़ा कदम बढ़ा दिया। अब अगले मंगलवार को इराक के खिलाफ जीत उसे ग्रुप बी में शीर्ष स्थान के साथ सीधे विश्व कप में जगह दिला देगी। यह उसका सातवां विश्व कप होगा। एशियाई क्वालीफाइंग के चौथे दौर में केवल दो समूहों के विजेताओं को स्वचालित रूप से विश्व कप का टिकट मिलेगा, जबकि उपविजेताओं को पांचवें राउंड में खेलना होगा। मैच में इंडोनेशिया ने शानदार शुरुआत की। 11वें मिनट में केविन डिक्स ने पेनल्टी पर गोल दागा। हालांकि, सिर्फ छह मिनट बाद सालेह अबू अल-शमात ने बराबरी का गोल कर दिया। 37वें मिनट में फिरास अल-बुरैकान ने पेनल्टी के जरिए सऊदी अरब को बढ़त दिलाई। दूसरे हाफ में अल-बुरैकान ने एक और गोल कर टीम की स्थिति मजबूत की। हालांकि, 89वें मिनट में केविन डिक्स ने अपनी दूसरी...
दिल्ली हाफ मैराथन : रेंगरुक और एयायू में कांटे की टक्कर, बिरहानु और बिवॉट पर रहेगी निगाहें

दिल्ली हाफ मैराथन : रेंगरुक और एयायू में कांटे की टक्कर, बिरहानु और बिवॉट पर रहेगी निगाहें

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नई दिल्ली, 09 अक्टूबर । राजधानी दिल्ली रविवार (12 अक्टूबर) को विश्व एथलेटिक्स गोल्ड लेबल रोड रेस 20वीं वेदांता दिल्ली हाफ मैराथन की मेजबानी करने जा रही है, जहां दुनिया के शीर्ष धावक खिताब की दौड़ में उतरेंगे। महिला वर्ग में पिछली विजेता इथियोपिया की आलेमादिस एयायू और केन्या की लिलियन रेंगरुक के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिलेगी। रेंगरुक ने पिछले वर्ष बेंगलुरु वर्ल्ड 10K में शानदार जीत दर्ज की थी और इस बार वह दिल्ली में कोर्स रिकॉर्ड तोड़ने के इरादे से उतरेंगी। उन्होंने पिछले साल वेलेंसिया हाफ मैराथन में 1:03:32 का समय निकाला था और इस वर्ष प्राग हाफ मैराथन में भी विजेता रहीं। रेंगरुक का लक्ष्य 2020 में इथियोपिया की यालेमजेरफ येहुआलॉ के नाम दर्ज 1:04:46 के रिकॉर्ड को तोड़ना है। गौरतलब है कि 2015 के बाद किसी केन्याई महिला ने दिल्ली का ताज नहीं जीता है। रेंगरुक ने मीडिया से कहा, “चोटें ...
पीवीएल 2025: चेन्नई ब्लिट्ज ने पांच सेटों के रोमांचक मुकाबले में गोवा गार्डियंस को हराया

पीवीएल 2025: चेन्नई ब्लिट्ज ने पांच सेटों के रोमांचक मुकाबले में गोवा गार्डियंस को हराया

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हैदराबाद, 09 अक्टूबर । प्राइम वॉलीबॉल लीग में गुरुवार को गाचीबावली इंडोर स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में चेनाई ब्लिट्ज़ ने गोवा गार्डियन्स को यादगार पांच सेट के रोमांचक मुकाबले में (12-15, 15-11, 11-15, 18-16, 15-13) से हराया। जेरोम विनिथ को मैन ऑफ द मैच चुना गया। भारतीय ओलंपिक गोल्ड मेडल विजेता और दिग्गज शूटर अभिनव बिंद्रा भी मैच देखने के लिए मौजूद रहे और खिलाड़ियों से मुलाकात की। मुकाबला बेहद नज़दीकी रहा, दोनों टीमों ने अंत तक जमकर संघर्ष किया। गोवा ने मजबूत शुरुआत की, जहाँ प्रिंस ने मिडिल ज़ोन में दबदबा बनाया। जेफ़्री मेन्ज़ेल की सर्विस ने चेनाई को चुनौती दी, लेकिन तरुण गोव्डा के शानदार सुपर सर्व ने ब्लिट्ज़ को जीवनदान दिया। जेरोम ने अपना खेल खोला और टीम ने रफ्तार पकड़नी शुरू की। जब स्कोर बराबरी पर आया, तो गोवा ने नाथनियल डिकिंसन और जेफ़्री मेन्ज़ेल पर भरोसा किया। कप्त...
टेनिस प्रीमियर लीग सीजन-7 : श्रीराम बालाजी और ऋत्विक बोलेपल्ली बने सबसे महंगे खिलाड़ी, पेस-भूपति-मिर्जा ने की बोली में शिरकत

टेनिस प्रीमियर लीग सीजन-7 : श्रीराम बालाजी और ऋत्विक बोलेपल्ली बने सबसे महंगे खिलाड़ी, पेस-भूपति-मिर्जा ने की बोली में शिरकत

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मुंबई, 09 अक्टूबर । क्लियर प्रीमियम वॉटर द्वारा प्रायोजित टेनिस प्रीमियर लीग (टीपीएल) के सातवें सीजन की खिलाड़ी नीलामी गुरुवार को मुंबई में आयोजित हुई, जिसमें भारतीय टेनिस दिग्गज लिएंडर पेस, महेश भूपति और सानिया मिर्ज़ा की मौजूदगी ने आयोजन को खास बना दिया। लीग के सह-संस्थापक कुनाल ठाकुर और मृणाल जैन के साथ देश-विदेश के शीर्ष खिलाड़ी और फ्रेंचाइज़ी मालिक भी इस नीलामी में मौजूद रहे। नीलामी में इस बार डबल्स खिलाड़ियों पर जोर देखने को मिला। श्रीराम बालाजी और ऋत्विक बोलेपल्ली ने 12 लाख रुपये की सर्वाधिक बोली पाकर संयुक्त रूप से सबसे महंगे खिलाड़ी का दर्जा हासिल किया। गुरुग्राम ग्रैंड स्लैमर्स, जिनके मार्की खिलाड़ी फ्रांस के कोरेंटिन मौते (विश्व रैंक 38) हैं, ने श्रीराम बालाजी को 12 लाख रुपये में खरीदा। वहीं चेन्नई स्मैशर्स, जिनका नेतृत्व डलिबोर स्वर्सिना (विश्व रैंक 91) करेंगे, ने बोलेपल्...
पीकेएल-12 : दबंग दिल्ली को मिली सीजन की दूसरी हार, बंगाल ने 1 अंक से हराया

पीकेएल-12 : दबंग दिल्ली को मिली सीजन की दूसरी हार, बंगाल ने 1 अंक से हराया

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चेन्नई, 9 अक्टूबर । जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में गुरुवार खेले गए प्रो कबड्डी लीग (पीकेएल) के 12वें सीजन के 73वें मैच में बंगाल वारियर्स ने दबंग दिल्ली केसी को 37-36 से हरा दिया। मैच का फैसला अंतिम सेकेंड में हुआ। यह 13 मैचों में दिल्ली की दूसरी हार है जबकि बंगाल को 11 मैचों में चौथी जीत मिली है। बंगाल की जीत में देवांक दलाल (12) ने एक बार फिर अहम भूमिका निभाई। इसके अलावा हिमांशु (6) ने उनका अच्छा साथ दिया। डिफेंस में आशीष ने हाई-5 लगाया जबकि मंजीत ने चार अंक लिए। आशू मलिक के बगैर खेल रही दिल्ली के लिए दिल्ली के लिए नीरज ने छह जबकि अजिंक्य ने पांच अंक लिए। बंगाल ने 2-0 की लीड के साथ अच्छी शुरुआत की लेकिन नवीन ने दो अंक लेकर स्कोर बराबर कर दिया। इसके बाद पांच मिनट के खेल में बंगाल ने फिर से 4-3 की लीड ले ली औऱ फिर देवांक ने फजल और सुरजीत को बाहर कर लीड दोगुनी कर दी। दिल्ली ने हालांकि वा...
आपातकाल के 50 वर्ष : यह अराजकता और तानाशाही का काला दौर था

आपातकाल के 50 वर्ष : यह अराजकता और तानाशाही का काला दौर था

लेख
यह इंदिरा की सबसे बड़ी गलती थी, सत्ता पर काबिज रहने के लिए की थी लोकतंत्र की हत्या : रामपाल सिंह रामानुज शर्मा नई दिल्ली, 09 अक्टूबर (हि.स.)। आपातकाल को अगर बर्बर, अराजकता और तानाशाही के काले दौर की संज्ञा दी जाये तो यह कोई अतिशयोक्ति नहीं होगी। यह ऐसा वक्त था, जिसमें पुलिस और प्रशासन निरंकुश था। किसी की कोई सुनवाई नहीं थी। ऐसा लगता था कि हम लोकतांत्रिक देश में नहीं, अपितु एक गुलाम देश में रह रहे हों। यह इंदिरा की सबसे बड़ी गलती थी। सत्ता पर काबिज रहने के लिए उन्होंने लोकतंत्र की हत्या की थी। आपातकाल को बर्बर, अराजकता और तानाशाही का काला दौर करार देते हुए अमोद अरोड़ा बताते हैं कि यह ऐसा वक्त था जिसमें पुलिस और प्रशासन निरंकुश था। किसी की कोई सुनवाई नहीं थी। ऐसा लगता था कि हम लोकतांत्रिक देश में नहीं अपितु एक गुलाम देश में रह रहे हों। वे कहते हैं कि आपातकाल का विरोध करने वा...
आपातकाल के 50 वर्ष : उत्पीड़न की ऐसी पीड़ा, 16 महीने तक राजेंद्र अग्रवाल नहीं देख सके सूर्य की रोशनी

आपातकाल के 50 वर्ष : उत्पीड़न की ऐसी पीड़ा, 16 महीने तक राजेंद्र अग्रवाल नहीं देख सके सूर्य की रोशनी

विशेष समाचार
रामानुज शर्मा नई दिल्ली, 09 अक्टूबर । राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के जिला प्रचारक रहे राजेंद्र अग्रवाल ऐसे लोकतंत्र रक्षक सेनानी हैं, जिन्हें आपातकाल के दौरान पीलीभीत कारागार की अंधेरी कोठरी में रखा गया। उनके साथ हुए उत्पीड़न का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उन्हें 16 महीने तक यही नहीं पता चल सका कि दिन है या रात? वह सूर्य की रोशनी देखने के लिए तरस गए थे। लोकतंत्र रक्षक सेनानी, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पूर्व जिला प्रचारक एवं मेरठ के सांसद रहे राजेंद्र अग्रवाल हिन्दुस्थान समाचार से बातचीत में आपातकाल को लोकतंत्र पर सबसे बड़ा आघात बताते हैं। वह कहते हैं कि यह कांग्रेस सरकार द्वारा संविधान का बेजा इस्तेमाल करके लोकतांत्रिक व्यवस्था के प्रति किया गया कुठाराघात था। यह ऐसा दौर था, जिसमें आम से लेकर खास तक, हर शख्स ने न केवल असहनीय पीड़ा सही, बल्कि उसे नाना प्रकार से उत्पीड़ित किया...
पूर्व लेफ्टिनेंट जनरल विष्णु कांत चतुर्वेदी ने संघ को लेकर अपने अनुभव किए साझा

पूर्व लेफ्टिनेंट जनरल विष्णु कांत चतुर्वेदी ने संघ को लेकर अपने अनुभव किए साझा

विशेष समाचार
रांची, 9 अक्टूबर । पूर्व लेफ्टिनेंट जनरल विष्णु कांत चतुर्वेदी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के बारे में अपने विचार साझा किए हैं। उन्होंने संघ को लेकर अपने अनुभव के बारे में कहा कि हम सब ने बहुत कुछ जाने अनजाने में इस संगठन के कार्य और उसकी संरचना के बारे में सुना है या फिर स्वयं भी किसी न किसी रूप में अनुभव किया है। मेरा भी इस संगठन से जुड़ाव कुछ इसी प्रकार हुआ। उन्होंने बताया कि वे 31 मई 2011 को भारतीय सेना से सेवानिवृत्त हुए। तब तक उन्होंने संघ के बारे में अखबारों, पत्रिकाओं या फिर कभी किसी राजनीतिक चर्चाओं में सुना था। मैं इस संगठन के उत्कृष्ट कार्यों से अनभिज्ञ रहा। ऐसा भी नहीं कि मैंने अपने सेना के सेवाकाल में इस संगठन के कार्यों का अनुभव नहीं किया, लेकिन कभी ध्यान ही नहीं दिया। उन्होंने कहा कि सेवानिवृत्त होने के बाद उन्हें इस संगठन के कुछ कार्यक्रमों में भाग लेने का अवसर मिला। इसमे...