
धमतरी, 02 फरवरी (प्रेस ब्यूरो)। शहर के गोकुलपुर ब्रह्म चौक के समीप सोमवार को तनावपूर्ण स्थिति बन गई, जब नगर निगम की अतिक्रमण हटाने वाली टीम सरकारी जमीन पर बने अवैध निर्माण को हटाने पहुंची। कार्रवाई के दौरान बिना पूर्व सूचना के तोड़फोड़ किए जाने का आरोप लगाते हुए प्रभावित पक्ष और वार्डवासियों ने कड़ा विरोध शुरू कर दिया, जिससे मौके पर काफी देर तक विवाद की स्थिति बनी रही।
नगर निगम को सड़क किनारे सरकारी भूमि पर अतिक्रमण कर भवन निर्माण किए जाने की शिकायत मिली थी। इसी के आधार पर निगम की टीम जेसीबी मशीन के साथ मौके पर पहुंची और पांच भवनों में से तीन भवनों की सीलिंग एवं दीवारों को तोड़ दिया गया। अचानक हुई इस कार्रवाई से स्थानीय लोग आक्रोशित हो गए और निगम के खिलाफ नारेबाजी करते हुए विरोध दर्ज कराया। प्रभावित लोगों का कहना था कि निगम द्वारा किसी प्रकार का पूर्व नोटिस नहीं दिया गया और सीधे तोड़फोड़ की गई, जो नियमों के विपरीत है।

वहीं निगम टीम का दावा था कि संबंधित पक्ष को पहले ही नोटिस जारी की जा चुकी थी और नियमानुसार ही कार्रवाई की जा रही है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए क्षेत्रीय विधायक ओंकार साहू मौके पर पहुंचे। उन्होंने प्रभावित लोगों और निगम अधिकारियों से बातचीत कर मामला शांत कराया। विधायक की सलाह के बाद तनाव कम हुआ और निगम की टीम को बिना आगे की कार्रवाई किए लौटना पड़ा।
कार्रवाई के दौरान नगर निगम के सब इंजीनियर लोमेश देवांगन, कमलेश ठाकुर, सुनील सालुंके सहित अतिक्रमण दस्ता मौके पर मौजूद रहा। बड़ी संख्या में लोग घटनास्थल पर एकत्रित हो गए थे, जिससे कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ। घटना के बाद क्षेत्र में निगम की कार्यप्रणाली और नोटिस प्रक्रिया को लेकर चर्चा का माहौल बना हुआ है।
इस संबंध में नायब तहसीलदार लोकेश साव ने बताया कि गोकुलपुर ब्रह्म चौक के पास सरकारी जमीन पर अतिक्रमण कर सड़क किनारे भवन निर्माण किया जा रहा था। शिकायत मिलने पर प्रारंभिक कार्रवाई की गई है। संबंधित दस्तावेजों और प्रक्रिया को पूर्ण कर आगे की विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।
