
लखनऊ, 01 फरवरी (प्रेस ब्यूरो)। निर्माता-निर्देशक विनोद चौधरी ने अपनी फिल्म ‘गोदान’ के संदर्भ में शनिवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की, जिसमें फिल्म का ट्रेलर भी लॉन्च किया गया। यह फिल्म गोमाता के संरक्षण, भारतीय संस्कृति में उसकी महत्वता और पंचगव्य विज्ञान को उजागर करेगी।
विनोद चौधरी ने बताया कि उत्तर प्रदेश में गो-रक्षा की दिशा में किए गए कार्यों के लिए योगी आदित्यनाथ का स्पष्ट विजन और नेतृत्व प्रमुख है। पिछले नौ वर्षों में प्रदेश में 7,500 से अधिक गो आश्रय स्थल बनाए गए हैं, और 12 लाख से अधिक निराश्रित गोवंश का संरक्षण किया गया है।
फिल्म ‘गोदान’ 6 फरवरी को सिनेमाघरों में रिलीज होगी और इसके द्वारा गायों के संरक्षण, भारतीय संस्कृति और सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश दिया जाएगा। चौधरी ने इस दौरान मुख्यमंत्री को फिल्म का उद्देश्य और सामाजिक संदेश भी बताया।
मुख्यमंत्री ने विभिन्न पहलुओं में गो-रक्षा की महत्वता को प्रदर्शित किया, जिसमें गोशालाओं का विस्तार, निराश्रित गोवंश की देखरेख और तस्करी पर सख्ती शामिल हैं। चौधरी का कहना है कि गाय केवल एक पशु नहीं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक आत्मा है। उन्होंने यह भी कहा कि नई पीढ़ी को गाय के महत्व को समझना चाहिए और यह फिल्म इस संदर्भ में एक महत्वपूर्ण कदम होगा।
फिल्म में पंचगव्य के लाभ को भी दर्शाया गया है, जिसमें मानसिक शांति और स्वास्थ्य पर सकारात्मक प्रभाव का संकेत दिया गया है। फिल्म निर्माता ने फिल्म को टैक्स-फ्री किए जाने की भी अनुरोध किया, ताकि हर नागरिक इसे देख सके।
गो सेवा आयोग के अध्यक्ष श्याम बिहारी गुप्ता ने बताया कि गोमाता धरती, कृषि और मानव जीवन के लिए एक आशीर्वाद हैं, और प्रदेश में इसके संरक्षण के लिए मुख्यमंत्री ने अभूतपूर्व व्यवस्थाएं की हैं। इस अवसर पर यथार्थ हॉस्पिटल के डॉ. कपिल त्यागी और अन्य गणमान्य लोग भी मौजूद थे।
