
फिरोजाबाद, 02 फ़रवरी (प्रेस ब्यूरो)। थाना साइबर क्राइम पुलिस टीम ने सोमवार को फर्जी लोन एप के माध्यम से फ्रॉड करने वाले एवं फर्जी सिम बेचने वाले अन्तर्राज्जीय गिरोह का पर्दाफाश किया है। गिरफ्तार अभियुक्तों में तीन लोग लोन रिकवरी के नाम पर भोले-भाले लोगों को डरा-धमका कर ठगी करते हैं, जबकि दो लोग सिम के बहाने लोगों के साथ धोखा करते हैं।
अपर पुलिस अधीक्षक नगर रवि शंकर प्रसाद ने बताया कि प्रभारी निरीक्षक थाना साइबर क्राइम राजेश सिंह ने पुलिस टीम के साथ भारत सरकार द्वारा संचालित समन्वय और प्रतिबिम्ब पोर्टल से प्राप्त शिकायतों की जांच के आधार पर थाना साइबर अपराध पर पंजीकृत मुकदमे में प्रकाश में आये अभियुक्तों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी में राघव, सोनू, रजनीश, नीलेश और पुष्पेन्द्र शामिल हैं। अभियुक्तों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त मोबाइल, लैपटॉप, थम्ब इम्पैशन रीडिंग मशीन और भारी मात्रा में सिम बरामद हुए हैं।
एएसपी ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्तों के विरुद्ध एनसीआरपी पोर्टल पर फर्जी लोन से संबंधित कई शिकायतें पंजीकृत हैं। पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि उन्होंने महान किट प्रा.लि. नाम की फर्जी फर्म खोली जिसके माध्यम से कई फर्जी लोन एप बनाकर प्ले स्टोर एवं एप्पल स्टोर पर लॉन्च किए गए। जैसे ही कोई व्यक्ति उस एप को डाउनलोड करता है, वे उसकी यूपीआई पर कुछ रुपये लोन के रूप में भेज देते हैं और परमिशन के नाम पर उसके फोन का सारा डेटा का एक्सेस ले लेते हैं। लोन रिकवरी के नाम पर ऊंची ब्याज दरों पर उनसे रिकवरी करते हैं। यदि कोई लोन चुकाने से मना करता है, तो उसके फोन से लिए गए फोटो को संपादित करके उसे एवं उसके परिजनों को भेजते हैं जिससे डर कर वह व्यक्ति उन्हें मनचाही रकम वापस कर देता है। यह गिरोह पिछले कई वर्षों से 800 लोगों से लोन के नाम पर ठगी कर चुका है।
साथ ही, गिरोह के दो सदस्य बाहर से आए मजदूरों एवं अशिक्षित लोगों के पास जाकर उनकी सिम चालू करते हैं लेकिन मशीन चालू न होने या किसी अन्य बहाने से उन्हें सिम नहीं देते हैं, फिर वही सिम ऊंचे दामों पर रिकवरी एजेंट्स को बेच लेते हैं।
पुलिस ने सभी के विरुद्ध कार्यवाही कर इन्हें जेल भेज दिया है।
