
चंडीगढ़, 01 फरवरी (प्रेस ब्यूरो)। पाकिस्तान ने शनिवार को सात भारतीय नागरिकों को रिहा कर दिया। ये सभी नागरिक अटारी-बाघा सीमा के माध्यम से भारत में प्रवेश कर चुके हैं। भारतीय सीमा में प्रवेश के बाद सभी नागरिकों की जांच प्रक्रिया शुरू की जाएगी, और इसके बाद उन्हें उनके परिजनों के हवाले किया जाएगा।
दस्तावेजों के अनुसार, यह निर्णय पाकिस्तान के गृह मंत्रालय और नारकोटिक्स कंट्रोल मंत्रालय, इस्लामाबाद के परामर्श से लिया गया है। इसमें स्पष्ट किया गया है कि भारत सरकार ने संबंधित कैदियों की भारतीय नागरिकता की पुष्टि कर दी है, और सभी कैदी अपनी-अपनी सजा की अवधि पूरी कर चुके हैं, जिसके बाद उनकी रिहाई की प्रक्रिया शुरू की गई।
पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के गृह विभाग द्वारा जारी आदेशों के बाद इन भारतीयों को शनिवार को अटारी बॉर्डर के रास्ते सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के हवाले किया गया। ये सभी नागरिक लाहौर की केंद्रीय जेल में बंद थे।
रिहा किए गए भारतीय नागरिकों में चंदर सिंह उर्फ छिंदर सिंह, गुरमीत सिंह उर्फ गुरमेज सिंह, जोगिंदर सिंह, हरविंदर सिंह, विशाल, रतन पाल, और सुनील आदे उर्फ प्रसंजीत शामिल हैं। सभी की दस्तावेजों की जांच भारतीय सीमा में आने के बाद शुरू की गई है। इसके अतिरिक्त, इन सभी के बयान दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू की जाएगी। बयान दर्ज होने के बाद, जरूरत और परिस्थितियों के अनुसार बॉडी स्कैनिंग भी की जा सकती है। पूरी प्रक्रिया संपन्न होने के बाद सभी नागरिकों को संबंधित क्षेत्रों की पुलिस के माध्यम से उनके परिजनों को सौंपा जाएगा।
