LPG संकट में भारत के लिए इस पुराने दोस्त ने खोले भंडार, 20000 KM दूर से बढ़ाए मदद के हाथ
नई दिल्ली। पश्चिम एशिया (West Asia) में चल रहे युद्ध और भू-राजनीतिक तनाव के कारण उपजे गंभीर एलपीजी संकट (Serious LPG Crisis) के बीच, लगभग 20,000 किलोमीटर दूर स्थित एक दक्षिण अमेरिकी देश (South American Country) भारत के लिए एक बड़े मददगार के रूप में सामने आया है। दरअसल पश्चिम एशिया के मौजूदा संघर्ष के कारण समुद्री यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है। विशेष रूप से होर्मुज जलडमरूमध्य के बंद होने से भारत की ऊर्जा सप्लाई चेन पर गहरा असर पड़ा है, क्योंकि भारत का लगभग 60 प्रतिशत एलपीजी आयात इसी मार्ग से होता है। इस बाधा ने नई दिल्ली को अपने ऊर्जा स्रोतों में तेजी से विविधता लाने के लिए मजबूर कर दिया है।
अर्जेंटीना का अप्रत्याशित और अहम सहयोगइस संकट की घड़ी में अर्जेंटीना एक महत्वपूर्ण रणनीतिक भागीदार बनकर उभरा है। दोनों देशों के बीच ऊर्जा संबंधों में कितनी तेजी से विकास हुआ है, इसे इन आंकड़ों से ...









