संगठन पर मजबूत पकड़ से ममता को बढ़त, बागियों की ‘असली टीएमसी’ की लड़ाई फिलहाल पड़ी कमजोर
कोलकाता। तृणमूल कांग्रेस में जारी अंदरूनी संकट के बीच पार्टी प्रमुख ममता बनर्जी की संगठनात्मक पकड़ ने बागी खेमे की रणनीति को फिलहाल झटका दिया है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि पार्टी के संगठन पर मजबूत नियंत्रण के कारण ममता बनर्जी ने खुद को मूल तृणमूल कांग्रेस के रूप में स्थापित करने की लड़ाई में बढ़त बना ली है।
बागी सांसदों द्वारा अपेक्षाकृत कम चर्चित नेशनल सिटिजंस पार्टी ऑफ इंडिया (एनसीपीआई) में विलय का फैसला करने से महाराष्ट्र में एकनाथ शिंदे और अजीत पवार की तर्ज पर मूल पार्टी पर कब्जा करने की संभावनाएं कमजोर पड़ती दिखाई दे रही हैं। इसके अलावा बागी सांसदों और विधायकों के अलग-अलग राजनीतिक रास्तों ने भी ममता बनर्जी के लिए राहत की स्थिति पैदा की है।
संगठन में ममता का दबदबा बना अहम कारक
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, पार्टी संगठन पर ममता बनर्जी की मजबूत पकड़ के कारण बागी सांसदों ...









