
नई दिल्ली, 31 जनवरी (प्रेस ब्यूरो)। भारतीय जनता पार्टी की मिज़ोरम इकाई के अध्यक्ष डॉ. के. बेइचुुआ के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने शनिवार को केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेंद्र सिंह से यहाँ मुलाकात की और सामुदायिक स्तर की विकास पहलों के लिए सहयोग की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में राज्य में सामाजिक विकास से जुड़ी कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) परियोजनाओं पर विचार करने का अनुरोध किया गया है। डॉ. जितेंद्र सिंह ने प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों की बातों को ध्यानपूर्वक सुना और परियोजना के उद्देश्यों तथा लक्षित लाभार्थियों से संबंधित बिंदुओं को स्वीकार किया। उन्होंने इस पर जोर दिया कि सीएसआर से जुड़े प्रस्ताव स्थानीय आवश्यकताओं पर आधारित एवं सुविचारित होने चाहिए, जिनके लिए निर्धारित दिशानिर्देशों का पालन करना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि निर्धारित मानकों के तहत लागू की गई सीएसआर पहलों का विकासोन्मुख गतिविधियों में सकारात्मक प्रभाव पड़ता है।
यह ज्ञापन पूर्वोत्तर क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों द्वारा केंद्र सरकार और सार्वजनिक क्षेत्र के संस्थानों के साथ विकास संबंधी पहलों पर निरंतर संवाद बनाए रखने के प्रयास को दर्शाता है। इसके साथ ही, यह भी दर्शाता है कि सीएसआर सरकारी योजनाओं के साथ-साथ सामाजिक कल्याण और क्षेत्रीय विकास को आगे बढ़ाने का एक पूरक माध्यम है।
डॉ. जितेंद्र सिंह ने दोहराया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा पूर्वोत्तर क्षेत्र को उच्चतम प्राथमिकता दी जा रही है। प्रधानमंत्री के रूप में मोदी ने मिज़ोरम सहित पूर्वोत्तर क्षेत्र का लगभग 80 बार दौरा किया है, जो कि संभवतः उनके सभी पूर्ववर्तियों द्वारा किए गए कुल दौरों से भी अधिक है।
प्रतिनिधिमंडल में भाजपा के प्रदेश महामंत्री डेल्सन भी शामिल थे।
