मुंबई। हिंदी सिनेमा के शानदार एक्टर्स की जब गिनती की जाएगी तो उसमें एक्टर संजीव कुमार का नाम भी शामिल किया जाएगा। बेमिसाल एक्टिंग के साथ अच्छे बर्ताव के लिए मशहूर संजीव कुमार ने सिर्फ 47 साल की उम्र में दुनिया को अलविदा कह दिया था। लेकिन वो दिन था 6 नवंबर 1985। इसी दिन संजीव कुमार को हार्ट अटैक आया था। लेकिन इससे पहले का माहौल खुशनुमा था। एक्टर की मौत से पहले और बाद में जो हुआ वो बताता है कि संजीव अपने दोस्तों के लिए कितने खास थे।
संजीव कुमार के निधन के दिन का हाल
6 नवंबर 1985 की सुबह हर सुबह की तरह नहीं थी। उस दिन संजीव कुमार यानी हरी भाई जल्दी उठ गए थे। मां की पुण्यतिथि थी, इसलिए पूरा दिन घर पर ही रहने का फैसला किया। उनके नौकर पंडित ने उन्हें नाश्ता करने के लिए बहुत कहा, तो उन्होंने बस एक प्याली चाय और कुछ बिस्किट लिए। थोड़ी देर बाद डायरेक्टर सुभाष घई उनसे मिलने आए, बातें हुईं, हंसी भी हुई। इसी दौरान उनके उनके चेहरे पर गहरी थकान थी। दोपहर करीब साढ़े बारह बजे अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई। उल्टी हुई, और उनके सेक्रेटरी जमनादास ने जल्दी से डॉक्टर गांधी को फोन लगाया और उन्हें घर आने के लिए कहा। तब तक संजीव कुमार अपने बेडरूम की तरफ चले गए। इस दौरान सचिन पिलगांवकर और डायरेक्टर सतपाल कुछ देर बाद पहुंचे। सचिन ने कुछ देर इंतजार किया। जब दरवाजा नहीं खुला तो वो खुद उनके कमरे में जा पहुंचे।
सचिन ने देखा था सबसे पहले
सचिन ने अपने इंटरव्यू में बताया था कि उनके हरी भाई जमीन पर पड़े थे। वो घबराए और चिल्लाए। आवाज सुनकर डॉक्टर गांधी कमरे में आए और उन्होंने हरी भाई को मृत घोषित कर दिया। उनकी मौत हार्ट अटैक से हुई थी। दो दिन बाद उनका अंतिम संस्कार हुआ ताकि अमेरिका में रह रही उनकी बहन गायत्री अंतिम विदाई दे सके। उस दौरान उनके शव को शीशे के कोफिन में रखा गया
राजेश खन्ना ने रोक दी थी शूटिंग
संजीव कुमार के निधन की खबर जैसे ही फिल्म इंडस्ट्री में फैली, पूरा बॉलीवुड सन्न रह गया। हर जगह शूटिंग और रिकॉर्डिंग बंद कर दी गई। राजेश खन्ना और रवि टंडन उस समय फिल्म नज़राना की शूटिंग कर रहे थे। उन्होंने कैमरा बंद करा दिया। सुधीर दलवी फिल्म साया की शूटिंग छोड़कर सीधे पेरिन विला एक्टर के घर पहुंच गए। दिग्गज एक्टर ए।के हंगल ने कहा, “मैं अपने परिवार के किसी सदस्य की मौत पर नहीं रोया था, लेकिन हरी के लिए आंसू रुक नहीं पाए।” उनके भाई की पत्नी को मायके से बुलाया गया।
रो पड़ा था ये विलेन
उस वक्त अमजद खान और दिनेश हिंगू मस्कट में थे। अमजद खान को जानकारी मिली तो तो उन्होंने अपनी पत्नी को संजीव कुमार के घर भेजा। शहला ने बताया था कि जब वो घर पहुंची तो भारी भीड़ देखकर समझ गई कि अब एक्टर नहीं रहे। उन्होंने ये जानकारी अपने पति अमजद खान को फोन पर दी। दिनेश हिंगू ने बताया था कि जब अमजद खान अपनी पत्नी से संजीव कुमार की मौत की खबर सुन रहे थे तो वो बच्चों की तरह रो पड़े। उन्हें यकीन नहीं हो रह अता कि हरी भाई नहीं रहे।
