वाराणसी। यूपी (UP) के वाराणसी (Varanasi) से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। जहां एक बच्चे के पैंट में पेशाब (Peeing in Pants) करने पर टीचर (Teacher) ने खौफनाक सजा दे डाली। टीचर ने मासूम के प्राइवेट पार्ट को गर्म चाकू से दाग दिया। उधर, बच्चे के परिजन ने अब इस घटना की शिकायत थाने में की है। वहीं, ये घटना क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। उधर, पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
ये मामला अकथा के जेडी नगर कॉलोनी का है। यहां रहने वाले अधिवक्ता केशरी जायसवाल ने शनिवार को शिक्षिका, प्रधानाचार्य और प्रबंधक के खिलाफ लालपुर पांडेयपुर थाने में तहरीर दी। आरोप है कि उनके पांच साल के बेटे ने पैंट में पेशाब कर दिया। इससे गुस्साई शिक्षिका ने चाकू गरम कर प्राइवेट पार्ट दाग दिया। तहरीर में बताया है कि बेटा नर्सरी का छात्र हैं। वह अकथा स्थित एक स्कूल में पढ़ता है। शनिवार को स्कूल में उसने अपनी शिक्षिका से बाथरूम जाने के लिए कहा। टीचर ने मना किया तो बच्चे ने पैंट में ही पेशाब कर दिया। जिससे टीचर नाराज हो गई।
आरोप है कि बच्चे को दूसरे कमरे में ले जाकर गैस जलाकर चाकू लाल करके उसके प्राइवेट पार्ट को दाग दिया। मारपीट कर धमकी दी कि दोबारा पैंट में पेशाब की तो इससे भी बुरा हाल करेगी। घर आने के बच्चे ने सारी बात बताई। शिकायत करने पर प्रधानाचार्य हेमलता सिंह और प्रबंधक ने भी धमकी दी। पुलिस ने मेडिकल परीक्षण कराते हुए केस दर्ज कर लिया है। घटना को लेकर दर्जनों अधिवक्ता थाने पर जुट गए थे।
छात्र के बाल न कटवाने पर केवीएस ने नाम काटा
उधर, कानपुर में बाल न कटवाने पर एक छात्र का नाम स्कूल से ही काट दिया गया। जब परिजन की शिकायत लेकर स्कूल पहुंचे तो प्रिंसिपल ने टीसी काटकर थमा दिया। जिसके बाद परिजन बच्चे को लेकर डीएम ऑफिस पहुंचे और जिलाधिकारी से इस बात की शिकायत की। वहीं, ये मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।
पहले पढ़ाई के दौरान लंबे बालों को लेकर स्कूल की टीचर और प्रबंधन काफी नाराज हुआ करते थे। बदलते दौर में ऐसी शिकायतें होना बंद हो गई लेकिन फिर भी कुछ स्कूल ऐसे हैं जो आज भी बच्चों को अनुशासन में रखना पसंद करते हैं। ऐसे ही एक मामले में स्कूल ने छात्र को लंबे बाल काटने को कहा। छात्र ने चेतावनी के बाद भी ऐसा नहीं किया तो स्कूल ने छात्र का नाम ही काट दिया। अब छात्र के परिजन कानपुर प्रशासन के चक्कर काट रहे हैं। शुक्रवार को डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह का जनता दर्शन चल रहा था। उसी दौरान मीरपुर कैंट की रहने वाली एक महिला अपने बेटे के साथ पहुंची।
