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Day: May 10, 2026

अरब सागर से शुरू हुई BJP की यात्रा गंगासागर तक पहुंची, अब दक्षिणी राज्यों पर नजर

अरब सागर से शुरू हुई BJP की यात्रा गंगासागर तक पहुंची, अब दक्षिणी राज्यों पर नजर

पॉलिटिक्स, राज्य, राष्ट्रीय
नई दिल्ली। अरब सागर (Arabian Sea) के तट से वर्ष 1980 में शुरू हुई भाजपा (BJP) की राजनीतिक यात्रा 46 साल बाद गंगासागर (Gangasagar) तक पहुंच गई है। हालांकि, हिंद महासागर की सीमाई राज्यों तक पहुंचना अभी बाकी है। पार्टी का अगले एक दशक का लक्ष्य सारी समुद्री सीमाओं वाले प्रदेशों में भाजपा को सत्ता तक पहुंचाना है। इसके लिए अब पार्टी अपने मिशन दक्षिण के लिए बदली हुई रणनीति पर काम करेगी। भाजपा की पहुंच से दूर रहा तेलंगाना उसका पहला लक्ष्य है। उसके बाद केरल और तमिलनाडु (Kerala and Tamil Nadu) की व्यूह रचना पर काम होगा। कर्नाटक में उसे अगले ही चुनाव में वापसी की उम्मीद है। साल 2014 में नरेंद्र मोदी के प्रधानमंत्री बनने के कुछ समय बाद ही अमित शाह ने भाजपा की कमान संभाली थी। उन्होंने अपने पहले ही भाषण में भाजपा के पू्र्वोत्तर विस्तार और कोरोमंडल में पहुंच का विशाल रोड मैप पेश किया था। पूर्वोत्तर से...
Bengal: चुनाव में करारी हार के बाद TMC में घमासान…. विधायकों ने खोला आलाकमान के खिलाफ मार्चा

Bengal: चुनाव में करारी हार के बाद TMC में घमासान…. विधायकों ने खोला आलाकमान के खिलाफ मार्चा

पॉलिटिक्स, राज्य, राष्ट्रीय
कोलकाता। पश्चिम बंगाल (West Bengal ) विधानसभा चुनाव (Assembly Elections) में भारतीय जनता पार्टी (Bharatiya Janata Party- BJP) के हाथों मिली करारी हार के बाद तृणमूल कांग्रेस (TMC) के अंदरखाने भारी घमासान शुरू हो गया है। इतने सालों तक पार्टी लाइन का सख्ती से पालन करने वाले कई विधायक और दिग्गज नेता अब अपनी ही लीडरशिप के खिलाफ खुलकर बोल रहे हैं। पूर्व क्रिकेटर और मंत्री रहे मनोज तिवारी से लेकर सांसद-अभिनेता देव तक ने पार्टी आलाकमान के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। कुछ नेताओं ने तो चुनाव में हुई इस हार का सीधा ठीकरा महासचिव और ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी के सिर फोड़ दिया है। हार के बाद ममता बनर्जी के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा न देने के फैसले पर भी कई विधायकों ने असहमति जताई है। गुटबाजी और 'लॉबी' को ठहराया हार का जिम्मेदारपार्टी के कई विधायकों ने खुलेआम गुटबाजी को हार की सबसे बड़ी वजह बताय...
West Bengal: TMC ने चुना विपक्ष का नेता… दो डिप्टी लीडर का भी ऐलान, जानें किसे सौंपी जिम्मेदारी

West Bengal: TMC ने चुना विपक्ष का नेता… दो डिप्टी लीडर का भी ऐलान, जानें किसे सौंपी जिम्मेदारी

पॉलिटिक्स, राज्य, राष्ट्रीय
कोलकाता। पश्चिम बंगाल (West Bengal) में ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) की तृणमूल कांग्रेस (Trinamool Congress) ने चुनाव हारने के बाद नेता विपक्ष (Leader of Opposition) चुन लिया है। शोभनदेव चट्टोपाध्याय (Shobhandev Chattopadhyay.) को यह अहम जिम्मेदारी मिली है। इसके अलावा, असीमा पात्रा और नैना बंद्योपाध्याय विपक्ष की डिप्टी लीडर होंगी। वहीं, फिरहाद हकीम मुख्य सचेतक (चीफ व्हिप) होंगे। पश्चिम बंगाल में डेढ़ दशक तक राज करने के बाद तृणमूल कांग्रेस को इस बार करारी हार का सामना करना पड़ा है। इतिहास में पहली बार राज्य में भाजपा ने बहुमत हासिल किया और 207 विधायकों के साथ सरकार बनाई है। भवानीपुर से ममता बनर्जी को हराने वाले शुभेंदु अधिकारी राज्य के नए मुख्यमंत्री बने हैं। उनके शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, एनडीए शासित प्रदेशों के तमाम मुख्यमंत्रियों समेत भाजपा के वरिष्ठ नेता शामिल...
शुभेंदु मंत्रिमंडल…. सबकी पृष्ठभूमि और राजनीतिक यात्रा एक-दूसरे से बिल्कुल अलग

शुभेंदु मंत्रिमंडल…. सबकी पृष्ठभूमि और राजनीतिक यात्रा एक-दूसरे से बिल्कुल अलग

पॉलिटिक्स, राज्य, राष्ट्रीय
कोलकाता। सबका साथ, सबका विकास के अपने राजनीतिक नारे को जमीन पर उतारते हुए भाजपा ने मंत्रिमंडल में सामाजिक और क्षेत्रीय संतुलन साधने पर खास जोर दिया है। शुभेंदु अधिकारी (Shuvendu Adhikari) ने मंत्रिमंडल (Cabinet) में ऐसे चेहरों को जगह दी है, जिनकी पृष्ठभूमि और राजनीतिक यात्रा एक-दूसरे से बिल्कुल अलग रही है। इसमें फैशन डिजाइनर (Fashion Designer) से राजनीति में आई महिला नेता हैं, आरएसएस (RSS) के प्रचारक रहे संगठनकर्ता हैं। राजवंशी और अनुसूचित जाति समुदाय के चेहरे हैं, तो आदिवासी इलाकों का प्रतिनिधित्व करने वाले नेता भी शामिल हैं। मुख्यमंत्री (Chief Minister) के साथ शपथ लेने वालों में दिलीप घोष, अग्निमित्रा पाल, अशोक कीर्तनिया, निशीथ प्रमाणिक और क्षुदिराम टुडू बतौर मंत्री शामिल हैं। हालांकि विभागों का बंटवारा बाद में किया जाएगा, लेकिन शुरुआती तस्वीर से साफ है कि भाजपा ने राजनीतिक अनुभव और स...
शिंदे की सुरक्षा को लेकर चिंतित दिखे PM मोदी….भरे मंच पर पूछा हेलीकॉप्टर हादसे का हाल

शिंदे की सुरक्षा को लेकर चिंतित दिखे PM मोदी….भरे मंच पर पूछा हेलीकॉप्टर हादसे का हाल

पॉलिटिक्स, राज्य, राष्ट्रीय
कोलकाता। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) ने महाराष्ट्र (Maharashtra) के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे (Deputy Chief Minister Eknath Shinde) की सेहत और सुरक्षा को लेकर चिंता जताई। यह तब हुआ जब हाल ही में एकनाथ शिंदे का हेलीकॉप्टर खराब मौसम के कारण बीच रास्ते से वापस लौटना पड़ा था। शनिवार को जब पश्चिम बंगाल (West Bengal) में नए मुख्यमंत्री के शपथ ग्रहण समारोह के दौरान प्रधानमंत्री मोदी अन्य नेताओं से मिल रहे थे, तभी उन्होंने अचानक उनके पास रुककर उनसे इस घटना के बारे में बात की। उन्होंने न सिर्फ उनका हालचाल पूछा बल्कि भविष्य में हवाई यात्रा के दौरान ज्यादा सावधानी बरतने की सलाह भी दी। इस बातचीत को लेकर वहां मौजूद लोगों में काफी उत्सुकता देखी गई। खराब मौसम में फंसा था शिंदे का हेलीकॉप्टरदरअसल, गुरुवार को एकनाथ शिंदे का हेलीकॉप्टर उड़ान के दौरान खराब मौसम में फंस गया था।...
MP में 100 साल पहले विलुप्त हुए जंगली भैसों का कुनबा बढ़ा… काजीरंगा से कान्हा आए 4 नए भैंसे

MP में 100 साल पहले विलुप्त हुए जंगली भैसों का कुनबा बढ़ा… काजीरंगा से कान्हा आए 4 नए भैंसे

मध्य प्रदेश, राज्य, राष्ट्रीय
मंडला। मध्यप्रदेश (Madhya Pradesh) अब जंगली भैंसों (Wild Buffaloes) को दोबारा बसाने को लेकर एक नया कीर्तिमान रच रहा है. असम के काजीरंगा नेशनल पार्क (Kaziranga National Park, Assam) से लाए गए 4 और जंगली भैंसों को शुक्रवार को कान्हा टाइगर रिजर्व (Kanha Tiger Reserve.-KTR) के सुपखर रेंज में विशेष रूप से तैयार किए गए बाड़े में छोड़ दिया गया। मध्यप्रदेश के जंगलों से जंगली भैंस लगभग 100 साल पहले ही विलुप्त हो गए थे. सुपखर क्षेत्र, जहां इन भैंसों को छोड़ा गया है, ऐतिहासिक रूप से इनका प्राकृतिक आवास रहा है. इस पुनर्वास कार्यक्रम का उद्देश्य इस अहम प्रजाति को एक बार फिर मध्यप्रदेश के ईकोसिस्टम का हिस्सा बनाना है। 72 घंटे का चुनौतीपूर्ण सफरइन जंगली भैंसों को काजीरंगा से कान्हा तक लाना किसी बड़ी चुनौती से कम नहीं था. करीब 2220 किमी की लंबी यात्रा को विशेष वाहनों में इस सफर को पूरा करने में 72 घ...
MP के वन विभाग ने रचा इतिहास… भोपाल से उड़ा गिद्ध 3000KM का सफर कर पहुंचा उज्बेकिस्तान

MP के वन विभाग ने रचा इतिहास… भोपाल से उड़ा गिद्ध 3000KM का सफर कर पहुंचा उज्बेकिस्तान

मध्य प्रदेश, राज्य, राष्ट्रीय
भोपाल। मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) का वन विभाग (Forest Department) अब सिर्फ बाघों (Tigers) के ही नहीं, बल्कि गिद्धों (Vultures) के संरक्षण में भी दुनिया के लिए मिसाल पेश कर रहा है. हाल ही में राज्य के गिद्ध संरक्षण प्रजनन केंद्र (VCBC) केरवा में इलाज पाकर ठीक हुए दो सिनेरियस गिद्धों (Two Cinereous Vultures) ने अंतरराष्ट्रीय सीमाओं को पार कर वैज्ञानिक जगत को हैरान कर दिया है. दरअसल, दिसंबर 2025 में विदिशा के सिरोंज से एक घायल सिनेरियस गिद्ध को बचाया गया था. भोपााल के वन विहार में और BNHS संचालित VCBC में इलाज के बाद मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इसे 23 फरवरी को हलाली बांध क्षेत्र में आजाद किया। WWF-India के सहयोग से इस पर GPS लगाया गया था. डेटा के अनुसार, 10 अप्रैल को इसने उड़ान भरी और राजस्थान, पाकिस्तान और अफगानिस्तान को पार करते हुए 4 मई को उज्बेकिस्तान पहुंच गया. विदिशा से उज्बेकिस्ता...