जकार्ता। इंडोनेशिया (Indonesia) ने माउंट सेमेरू ज्वालामुखी (Mount Semeru volcano) में सिलसिलेवार और खौफनाक विस्फोटों (Terrifying explosions) के बाद बड़े स्तर पर अलर्ट जारी कर दिया है। हालात यह हैं कि कई गांवों को खाली कराया गया है और लोगों से एहतियातन ज्वालामुखी से कई किमी के दायरे से दूर रहने की सख्त चेतावनी (Strict warning) दे दी गई है।
इंडोनेशिया की भूविज्ञान एजेंसी ने एक बयान में बताया कि पर्यटन स्थल बाली से लगभग 310 किलोमीटर पश्चिम में पूर्वी जावा स्थित माउंट सेमेरू स्थानीय समयानुसार दोपहर करीब 2 बजे फट गया। इंडोनेशिया का यह ज्वालामुखी सबसे घनी आबादी वाले द्वीप पर स्थित है।
माउंट सेमेरू से गर्म राख और चट्टान, लावा और गैस के मिश्रण निकल रहे हैं जो बुधवार दोपहर से शाम तक कई बार ढलानों से सात किलोमीटर तक नीचे तक आ गए। वहीं गर्म बादल सतह से करीब दो किलोमीटर तक उठ गए हैं। एजेंसी ने बताया कि विस्फोटों के कारण कई गांव राख से ढक गए और अधिकारियों ने ज्वालामुखी को लेकर सतर्कता स्तर को उच्चतम कर दिया। अधिकारियों के मुताबिक अब तक किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। इससे पहले देश राष्ट्रीय आपदा एजेंसी ने बताया था कि राख का गुबार हवा में 13 किलोमीटर तक ऊपर उठ गया था।
लोगों को किया गया अलर्ट
इंडोनेशियाई सरकार ने एक बयान जारी कर लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। बयान में कहा गा, “जनता को सलाह दी जाती है कि वे सेमेरु पर्वत के क्रेटर या शिखर के 8 किलोमीटर के दायरे में किसी भी गतिविधि में शामिल न हों, क्योंकि वहां से निकली चट्टानों से टकराने का खतरा है।”
गौरतलब है कि माउंट सेमेरु को महामेरु के नाम से भी जाना जाता है। इसमें पिछले 200 सालों में कई बार विस्फोट हो चुके हैं। दक्षिण-पूर्व एशियाई द्वीपसमूह में इस समय लगभग 130 सक्रिय ज्वालामुखी हैं। फिर भी इसकी उपजाऊ ढलानों पर हजारों लोग आज भी इनके आसपास रहते हैं। इससे पहले 2021 में सेमेरु में हुए विस्फोट में 50 से अधिक लोग मारे गए और 5,000 से अधिक घर बर्बाद हो गए थे।
